लोक टुडे न्यूज़ नेटवर्क
जनरल स्टोर से 79 किलो संदिग्ध घी सीज
‘शुद्ध आहार-मिलावट पर वार’ अभियान के तहत छापेमारी, तेल के नमूने जांच के लिए भेजे; फैक्ट्री संचालक को धारा 32 के तहत नोटिस
राजस्थान से वरिष्ठ संवाददाता : नितिन मेहरा |
अजमेर। त्योहारों के मद्देनजर खाद्य पदार्थों में मिलावट रोकने के लिए खाद्य सुरक्षा विभाग ने कार्रवाई तेज कर दी है। अजमेर जिले में चलाए जा रहे ‘शुद्ध आहार-मिलावट पर वार’ अभियान के तहत विभाग की विशेष टीम ने पीसांगन क्षेत्र में कनक तेल घानी उद्योग और आकाश जनरल स्टोर का निरीक्षण किया। कार्रवाई के दौरान 540 लीटर तेल और 79 किलोग्राम संदिग्ध घी सीज किया गया। तेल के नमूने जांच के लिए प्रयोगशाला भेजे गए हैं।
खाद्य सुरक्षा एवं औषधि नियंत्रक आयुक्त अविचल चतुर्वेदी और मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी (CMHO) डॉ. ज्योत्सना रंगा के नेतृत्व में जिले में खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता और भंडारण व्यवस्था की जांच की जा रही है।
कनक तेल घानी से 540 लीटर तेल सीज
विभागीय टीम ने पीसांगन क्षेत्र स्थित कनक तेल घानी उद्योग पर औचक निरीक्षण किया। अधिकारियों के अनुसार, जांच के दौरान निर्माण प्रक्रिया और स्वच्छता व्यवस्था में गंभीर कमियां पाई गईं। इसके बाद टीम ने मौके से कुल 540 लीटर तेल सीज किया।
सीज किए गए तेल में 405 लीटर मूंगफली का तेल और 135 लीटर तिल का तेल शामिल है। विभाग ने मूंगफली और तिल के तेल के नमूने भी लिए हैं, जिन्हें गुणवत्ता की जांच के लिए प्रयोगशाला भेजा गया है।
निरीक्षण में मिली कमियों को लेकर खाद्य सुरक्षा एवं मानक अधिनियम, 2006 की धारा 32 के तहत नोटिस जारी करने की कार्रवाई की जा रही है। विभाग के अनुसार, निर्धारित समय में कमियों का सुधार नहीं होने पर लाइसेंस के खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई की जा सकती है।
आकाश जनरल स्टोर से 79 किलो संदिग्ध घी जब्त
इसके बाद खाद्य सुरक्षा विभाग की टीम ने आकाश जनरल स्टोर का निरीक्षण किया। यहां भंडारण और रखरखाव से जुड़ी कमियां सामने आने पर मौके पर मौजूद 79 किलोग्राम संदिग्ध घी सीज कर दिया गया।
टीम ने दुकान से ‘किसना’ और ‘कार्तिक’ ब्रांड के मूंगफली तेल के नमूने भी लिए हैं। इनकी प्रयोगशाला में जांच कराई जाएगी, ताकि खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता के संबंध में स्थिति स्पष्ट हो सके।
जांच रिपोर्ट के आधार पर होगी आगे की कार्रवाई
इस अभियान में खाद्य सुरक्षा अधिकारी अजय मोयल, आनंद चौधरी, अशोक मीणा और आरती वर्मा शामिल रहे। टीम ने व्यापारियों को खाद्य सुरक्षा मानकों का पालन करने और उपभोक्ताओं को सुरक्षित खाद्य सामग्री उपलब्ध कराने के निर्देश दिए।
विभाग के अनुसार, लिए गए नमूनों की प्रयोगशाला रिपोर्ट मिलने के बाद नियमानुसार आगे की कार्रवाई की जाएगी। यदि जांच में मिलावट या अन्य कानूनी उल्लंघन की पुष्टि होती है, तो संबंधित कारोबारियों के खिलाफ प्रावधानों के अनुसार कार्रवाई की जाएगी।
त्योहारी सीजन में खाद्य पदार्थों की मांग बढ़ने के बीच विभाग की यह कार्रवाई महत्वपूर्ण है। प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता सुनिश्चित करने के लिए जिले में निरीक्षण और जांच अभियान जारी रहेगा।























































