लोक टुडे न्यूज़ नेटवर्क
वैश्य महासम्मेलन ने घर जाकर किया बहुमान, अंगवस्त्र, साफा और अभिनंदन पत्र भेंट किया
नागौर। प्रदीप कुमार डागा। जैन समाज में कठिन तपस्या और आत्मसंयम का परिचय देने वाले तपस्वियों का वैश्य महासम्मेलन जिला इकाई नागौर की ओर से अभिनंदन एवं बहुमान किया गया। महासम्मेलन के पदाधिकारियों ने तपस्वियों के घर पहुंचकर उन्हें सम्मानित किया और उनके तप की सराहना की।
जैन समाज के गौरव पुखराजजी कोठारी द्वारा अखंड 41 उपवास की कठिन तपस्या पूर्ण करने पर वैश्य महासम्मेलन की जिला इकाई की ओर से उनका हार्दिक अभिनंदन किया गया। इसी क्रम में अखंड 31 उपवास की तपस्या पूर्ण करने वाली जैन समाज की गौरव संतोषदेवी कोठारी का भी उनके निवास पर पहुंचकर बहुमान किया गया। दोनों तपस्वियों को अंगवस्त्र, साफा एवं अभिनंदन पत्र भेंट कर सम्मानित किया गया।
वैश्य महासम्मेलन के जिला महामंत्री प्रमिल नाहटा ने कहा कि पुखराजजी कोठारी और संतोषदेवी कोठारी ने आत्मसंयम, तपस्या, साधना और दृढ़ संकल्प का अनुपम उदाहरण प्रस्तुत किया है। उन्होंने कहा कि उनकी यह कठिन साधना न केवल जैन समाज, बल्कि संपूर्ण वैश्य समाज और नागौर की गौरवशाली धार्मिक एवं सांस्कृतिक परंपराओं को गौरवान्वित करने वाली है।
जिला अध्यक्ष दिलीप पिती ने उपवास की धार्मिक एवं वैज्ञानिक महत्ता पर प्रकाश डालते हुए कहा कि संयम और साधना की यह परंपरा स्वस्थ एवं संतुलित जीवनशैली का भी संदेश देती है। उन्होंने दोनों तपस्वियों के स्वस्थ, सुखी एवं दीर्घायु जीवन की शुभकामनाएं दीं।
इस अवसर पर वैश्य समाज के महेन्द्र पहाड़िया, विमल समदड़िया, साहिल कोठारी, सुरेश ललवाणी, ज्ञानचंद सिंघवी, सुनील कोठारी, महेन्द्र कांकरिया, लोकेश कोठारी सहित अनेक समाजबंधु उपस्थित रहे।




















































