श्री विधाणी परिक्रमा महोत्सव का भव्य शुभारंभ कल18 सितंबर से

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श्री विधाणी परिक्रमा महोत्सव 18 सितंबर से

लोक टुडे न्यूज नेटवर्क

अयोध्या, सीकर, अलवर व गुरुग्राम से पहुंचे संत-महंत, रामधुन और भजन संध्या से गूंजा आश्रम परिसर

जयपुर। निकटवर्ती गोनेर रोड स्थित श्री गोपाल सागर आश्रम, विधाणी में गुरुवार को श्री विधाणी परिक्रमा महोत्सव का शुभारंभ हुआ। शुभारंभ के साथ ही आश्रम परिसर पांच दिन तक रामधुन, जयकारों और भक्ति रस में डूबा रहेगा। महोत्सव का आयोजन 18 से 23 सितंबर तक किया जा रहा है।

पहले दिन अखंड रामधुन के साथ माहौल भक्तिमय बना रहा। शाम को आयोजित भजन संध्या में आकाशवाणी और दूरदर्शन से जुड़े प्रसिद्ध कलाकारों ने सुर-सरिता प्रवाहित कर श्रद्धालुओं को मंत्रमुग्ध कर दिया। महोत्सव में अयोध्या, सीकर, अलवर और गुरुग्राम से संत-महात्माओं और महंतों का आगमन हुआ, जिन्होंने अपने आशीर्वचन से श्रद्धालुओं को धर्मपथ पर चलने की प्रेरणा दी।

बड़े बाबा और मां साहिब का पाटोत्सव

आयोजन समिति के सदस्य लक्ष्मी निधि सरजू बिहारी ने बताया कि महोत्सव का मुख्य आकर्षण 23 सितंबर को मनाया जाने वाला बड़े बाबा भजनानंद जी और मां साहिब बनारसी देवी का पाटोत्सव रहेगा। इस अवसर पर विशेष पूजा-अर्चना और श्रद्धालुओं का सामूहिक भजन-कीर्तन होगा।

पदयात्राओं का आगमन

महोत्सव में शामिल होने के लिए प्रदेश के विभिन्न हिस्सों से पदयात्राएं भी विधाणी पहुंच रही हैं। गुरुवार से ही पदयात्रियों का आश्रम में आना शुरू हो गया है। ग्रामीण क्षेत्रों से लेकर जयपुर शहर और आसपास के जिलों तक के श्रद्धालु भक्ति भाव से यात्रा कर महोत्सव का हिस्सा बन रहे हैं।

भव्य झांकियां होंगी आकर्षण का केंद्र

23 सितंबर को गोनेर स्थित जगदीश मंदिर से भव्य शोभायात्रा निकाली जाएगी, जो रामधुन और जयकारों के बीच श्री गोपाल सागर आश्रम पहुंचेगी। शोभायात्रा में—

बड़े बाबा और छोटे बाबा की झांकी

मां साहिब की झांकी

भगवान शंकर, रामदरबार और हनुमान जी की झांकियां

ठाकुर जी और हनुमान जी की सजीव झांकी

रंग-बिरंगी रोशनियों और धार्मिक गीतों के साथ निकलने वाली यह शोभायात्रा श्रद्धालुओं के लिए आकर्षण का केंद्र होगी। मार्ग में ग्रामीण और स्थानीय लोग पुष्प वर्षा कर शोभायात्रा का स्वागत करेंगे।

आज हुई भजन संध्या में श्रद्धालुओं का उमड़ा सैलाब

भजन संध्या में बड़ी संख्या में श्रद्धालु शामिल हुए। विभिन्न मठों और मंदिरों से आए संतों और महंतों ने आशीर्वचन देकर भक्तों का मार्गदर्शन किया। आने वाले दिनों में महोत्सव में भक्तों की भीड़ और अधिक बढ़ने की संभावना है।

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