लोक टुडे न्यूज़ नेटवर्क
टूटे पुल का अब तक नहीं हुआ पुनर्निर्माण, ग्रामीणों को उपखंड मुख्यालय पहुंचने के लिए 30 से 40 किलोमीटर का अतिरिक्त सफर
पीपलू (टोंक) | नरेश कुरेडा
कुरेडा गांव से गुजरने वाली सहोदरा नदी में पानी आने के बाद क्षेत्र की सात पंचायतों का उपखंड मुख्यालय से सीधा संपर्क प्रभावित हो गया है। वर्ष 2024 में नदी पर बना पुल क्षतिग्रस्त हो गया था, लेकिन लंबे समय बाद भी उसका पुनर्निर्माण नहीं होने से ग्रामीणों की परेशानी बढ़ गई है।
नदी में पानी भरने से पुल टूटने के बाद बनाया गया वैकल्पिक मार्ग भी बंद हो गया है। इससे कुरेडा, गहलोद, ज्वाली, पासरोटिया, डोडवाड़ी, मुंडिया और कुरेडी पंचायतों के हजारों लोगों को आवागमन में भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है।
ग्रामीणों को अब उपखंड मुख्यालय पहुंचने के लिए पासरोटिया मार्ग से करीब 30 किलोमीटर तथा टोंक मार्ग से लगभग 40 किलोमीटर का अतिरिक्त सफर तय करना पड़ रहा है। इसका सबसे अधिक असर विद्यार्थियों, मरीजों, किसानों और सरकारी कार्यों के लिए आने-जाने वाले लोगों पर पड़ रहा है।
भाजपा मंडल अध्यक्ष लोकेश कुरेडा ने बताया कि सहोदरा नदी में पानी आने से सात पंचायतों का संपर्क प्रभावित हो गया है। उन्होंने प्रशासन से जल्द वैकल्पिक मार्ग चालू कराने और टूटे पुल का निर्माण कार्य शीघ्र पूरा कराने की मांग की है।
ग्रामीणों ने भी प्रशासन से जल्द कार्रवाई कर आवागमन सुचारु करने की मांग की है, ताकि लोगों को अनावश्यक लंबा सफर तय न करना पड़े और सामान्य जनजीवन बहाल हो सके।














































