मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा का कांग्रेस पर हमला, बोले- गहलोत का असली दर्द अपने वार्ड में हारने का

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लोक टुडे न्यूज़ नेटवर्क

पंचायत राजस्थान कार्यक्रम में गिनाईं सरकार की उपलब्धियां, पेपर लीक, जल समझौतों, रोजगार और वन स्टेट-वन इलेक्शन पर रखी बात

जयपुर । मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने नगरीय निकाय चुनावों में परिसीमन को लेकर कांग्रेस की आपत्तियों पर पलटवार करते हुए पूर्व मुख्यमंत्री अशोक गहलोत पर निशाना साधा। उन्होंने कहा कि परिसीमन से चुनाव में हार का बहाना बनाया जा रहा है, जबकि गहलोत का असली दर्द अपने ही वार्ड में चुनाव हारने का है। मुख्यमंत्री ने आज तक न्यूज चैनल के पंचायत राजस्थान कार्यक्रम में इंटरव्यू के दौरान अपनी सरकार के कामकाज, रोजगार, पेपर लीक, जल परियोजनाओं और पंचायती राज चुनावों को लेकर सरकार का पक्ष रखा।

मुख्यमंत्री ने कहा कि भाजपा गांव, जमीन और जनता से जुड़ी पार्टी है। उसके कार्यकर्ता साल के 365 दिन जनता के बीच रहकर काम करते हैं। सरकार ने पहले और दूसरे वर्ष के कार्यकाल का हिसाब जनता के सामने रखा है। विधानसभा में भी पिछली कांग्रेस सरकार के पांच साल और वर्तमान सरकार के दो साल के कामकाज की तुलना से जुड़ा दस्तावेज पेश किया गया। उन्होंने दावा किया कि कई क्षेत्रों में उनकी सरकार ने पिछली सरकार की तुलना में तीन गुना से लेकर 28 गुना तक अधिक काम किए हैं।

कांग्रेस शासन में युवाओं के सपने टूटे: मुख्यमंत्री

पेपर लीक के मुद्दे पर मुख्यमंत्री ने कांग्रेस को घेरते हुए कहा कि पिछली सरकार के समय भर्ती परीक्षाओं में पेपर लीक होने से युवाओं के सपनों को नुकसान पहुंचा। उन्होंने दावा किया कि वर्तमान सरकार के कार्यकाल में करीब 425 परीक्षाएं आयोजित की गईं और एक भी पेपर लीक नहीं हुआ। पेपर लीक मामलों में 600 से अधिक लोगों को जेल भेजने का भी उन्होंने उल्लेख किया।

मुख्यमंत्री ने कहा कि चार लाख सरकारी नौकरियां देने के वादे को पूरा करने की दिशा में अब तक 1.93 लाख पदों पर नियुक्ति पत्र दिए जा चुके हैं। उनके मुताबिक, 1.18 लाख पदों पर भर्ती प्रक्रिया जारी है, जबकि लगभग 1.25 लाख पदों के लिए भर्ती विज्ञप्तियां जारी की जा चुकी हैं।

चार जल समझौतों को बताया राजस्थान के लिए बड़ी सौगात

मुख्यमंत्री ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में राजस्थान को मिले जल समझौतों और परियोजनाओं का जिक्र करते हुए कहा कि राज्य में जल उपलब्धता बढ़ाने के लिए कई स्तरों पर काम हो रहा है।

उन्होंने राम जलसेतु लिंक परियोजना में 41 हजार करोड़ रुपये के कार्य जारी होने, यमुना जल समझौते के तहत 800 करोड़ रुपये की लागत से रिजर्वायर बनाए जाने और इंदिरा गांधी नहर परियोजना (आईजीएनपी) व गंगनहर तंत्र को मजबूत करने के लिए 5,500 करोड़ रुपये मंजूर किए जाने की जानकारी दी।

मुख्यमंत्री ने नर्मदा समझौते, सोम-कमला-अम्बा, माही बांध और देवास परियोजना का भी उल्लेख किया। उन्होंने कहा कि किशाऊ समझौते से भी राजस्थान को जलापूर्ति में मदद मिलेगी।

वन स्टेट-वन इलेक्शन की दिशा में बढ़ने का दावा

मुख्यमंत्री ने कहा कि पिछली कांग्रेस सरकार के दौरान लंबे समय तक नगरीय निकाय और पंचायत चुनाव चलते रहे। उनकी सरकार वन स्टेट-वन इलेक्शन के वादे को पूरा करने की दिशा में आगे बढ़ रही है। उनके अनुसार, नगरीय निकाय चुनाव संपन्न हो चुके हैं और अब पंचायती राज चुनाव की प्रक्रिया आगे बढ़ रही है।

परिसीमन पर उन्होंने कहा कि यह नियमों के आधार पर किया गया है, जबकि कांग्रेस इस मुद्दे पर राजनीति कर रही है। उन्होंने पूर्व मुख्यमंत्री अशोक गहलोत के चुनावी प्रदर्शन को लेकर भी कटाक्ष किया।

जल जीवन मिशन की जांच और सहकारिता पर भी बोले

मुख्यमंत्री ने जल जीवन मिशन (जेजेएम) का जिक्र करते हुए पिछली सरकार के दौरान हुए कार्यों पर सवाल उठाए। उन्होंने कहा कि पूर्ववर्ती कार्यों की जांच के कारण मंत्री और अधिकारी जेल में हैं। साथ ही दावा किया कि वर्तमान सरकार ने योजना के काम में तेजी लाई है और इसे वर्ष 2028 तक बढ़ाया गया है।

सहकारिता क्षेत्र पर मुख्यमंत्री ने कहा कि पिछली सरकार के समय इस क्षेत्र में भ्रष्टाचार हुआ, जबकि वर्तमान सरकार ने सहकारिता को मजबूत करने के लिए 10 लाख नए सदस्य जोड़े हैं। उन्होंने प्रत्येक ग्राम पंचायत में सहकारी समिति खोलने की योजना का भी उल्लेख किया।

कानून व्यवस्था, किसानों और शिक्षा पर सरकार का पक्ष

मुख्यमंत्री ने राजस्थान की कानून व्यवस्था को मजबूत बताते हुए कहा कि किसी घटना के सामने आने पर पुलिस तत्काल कार्रवाई करती है। कम बारिश वाले जिलों का जिक्र करते हुए उन्होंने कहा कि किसानों, पशुपालकों और आमजन को जरूरी सुविधाएं उपलब्ध कराने के लिए सरकार ने तैयारियां की हैं। उन्होंने खाद की पर्याप्त उपलब्धता सुनिश्चित करने की बात भी कही।

जयपुर में सीजेपी द्वारा स्कूल के निरीक्षण से जुड़े विवाद पर मुख्यमंत्री ने आरोप लगाया कि यह सुनियोजित राजनीतिक प्रयास था, जिसका ग्रामीणों और वहां के युवाओं ने विरोध किया। उन्होंने कहा कि सरकार स्कूल शिक्षा और आधारभूत सुविधाओं को मजबूत बनाने पर काम कर रही है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में केंद्र और राज्य की डबल इंजन सरकार अंतिम पंक्ति में खड़े व्यक्ति के कल्याण के लिए काम कर रही है। उन्होंने युवाओं के भरोसे, रोजगार के अवसरों और विकास योजनाओं को सरकार की प्राथमिकता बताया।

 

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