लोक टुडे न्यूज़ नेटवर्क
महिला मरीज समय पर पहुंची अस्पताल
भरतपुर। भरतपुर में मुहर्रम के ताज़िया जुलूस के दौरान इंसानियत और आपसी सहयोग की अनूठी मिसाल देखने को मिली। मथुरा गेट दरवाजे के पास जुलूस के बीच अचानक एक एंबुलेंस फंस गई, जिसमें एक महिला मरीज सवार थी। पुलिस और ताज़ियादारों के त्वरित सहयोग से एंबुलेंस को रास्ता मिल सका और मरीज को समय पर अस्पताल पहुंचाया गया।
जानकारी के अनुसार शहर के मुख्य बाजार में ताज़िया जुलूस के कारण भारी भीड़ और जाम की स्थिति बनी हुई थी। इसी दौरान सायरन बजाती एंबुलेंस मौके पर पहुंची। स्थिति को देखते हुए मौके पर मौजूद एडिशनल एसपी धर्मेंद्र यादव और यातायात सीओ नरेंद्र कुमार तुरंत सक्रिय हुए।
पुलिसकर्मियों ने एंबुलेंस के आगे-आगे चलकर भीड़ को नियंत्रित किया और मार्ग बनवाया। वहीं जुलूस में शामिल ताज़ियादारों ने भी पुलिस के इशारे को समझते हुए तुरंत सहयोग किया और जुलूस को किनारे कर दिया। कुछ युवाओं ने आगे बढ़कर रास्ता खाली कराया, जिससे कुछ ही मिनटों में एंबुलेंस के लिए ग्रीन कॉरिडोर जैसा रास्ता बन गया।
एंबुलेंस को बिना किसी देरी के जनाना अस्पताल पहुंचाया गया, जहां महिला मरीज को समय पर उपचार मिल सका।
यातायात सीओ नरेंद्र कुमार ने कहा कि पुलिस की प्राथमिकता हर स्थिति में मानव जीवन की रक्षा करना है और ताज़ियादारों का सहयोग सराहनीय रहा। उन्होंने इसे भरतपुर की गंगा-जमुनी तहज़ीब का बेहतरीन उदाहरण बताया।
ताज़िया कमेटी के सदस्यों ने भी कहा कि इमाम हुसैन का संदेश मानवता और सेवा का है, जिसे सभी ने मिलकर निभाया। इस घटना की शहरभर में सराहना की जा रही है, जहां पुलिस और जनता के सहयोग से एक मरीज की जान बचाई जा सकी।



















































