लोक टुडे न्यूज़ नेटवर्क
पश्चिमी क्षेत्रीय कृषि सम्मेलन का जयपुर में आगाज, किसानों की आय बढ़ाने और नवाचारों पर जोर
जयपुर, राजस्थान | पश्चिमी क्षेत्रीय कृषि सम्मेलन का उद्घाटन सत्र मंगलवार को जयपुर में आयोजित हुआ, जिसमें केंद्रीय कृषि एवं किसान कल्याण मंत्री शिवराज सिंह चौहान और मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने किसानों के विकास, आत्मनिर्भरता और कृषि नवाचारों पर जोर दिया।

किसानों को आत्मनिर्भर बनाने पर केंद्रित सरकार
केंद्रीय मंत्री शिवराज सिंह चौहान ने कहा कि कृषि भारत की रीढ़ है और किसान देश की आत्मा हैं। केंद्र सरकार किसानों की आय बढ़ाने और जीवन स्तर सुधारने के लिए तेजी से काम कर रही है। उन्होंने बताया कि क्षेत्रीय कृषि सम्मेलनों का उद्देश्य विभिन्न राज्यों की भौगोलिक विविधताओं को ध्यान में रखते हुए साझा रणनीति बनाना है।
इस सम्मेलन में राजस्थान, गुजरात, महाराष्ट्र, मध्य प्रदेश और गोवा के प्रतिनिधि शामिल हुए, जहां कृषि से जुड़ी चुनौतियों, संभावनाओं और नवाचारों पर चर्चा की गई।

कृषि के तीन बड़े लक्ष्य तय
केंद्रीय मंत्री ने कृषि क्षेत्र के लिए तीन प्रमुख लक्ष्य बताए:
- देश की खाद्य सुरक्षा सुनिश्चित करना
- किसानों की आय और जीवन स्तर में सुधार
- पोषण सुरक्षा को बढ़ावा देना
उन्होंने कृषि के विविधीकरण और एकीकृत कृषि प्रणाली अपनाने पर जोर दिया।
100% किसान पंजीकरण और बीमा पर जोर
चौहान ने राज्यों से अपील की कि वे फार्मर आईडी के तहत सभी किसानों का पंजीकरण सुनिश्चित करें ताकि योजनाओं का लाभ समय पर मिल सके। साथ ही, प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना के तहत नुकसान का शीघ्र आकलन कर किसानों को राहत देने की बात कही।
कृषि योजनाओं में राज्यों को मिलेगा लचीलापन
केंद्र सरकार ने राज्यों को उनकी भौगोलिक परिस्थितियों के अनुसार योजनाओं के बजट उपयोग में लचीलापन देने का निर्णय लिया है। साथ ही एमएसपी पर समय पर खरीद सुनिश्चित करने के निर्देश भी दिए गए।
‘ग्राम’ और एग्रीटेक मीट से मिलेगा नई दिशा
केंद्र सरकार राजस्थान के कृषि रोडमैप को मजबूत करने के लिए वैज्ञानिकों की टीम भेजेगी। साथ ही राज्य सरकार द्वारा आयोजित होने वाली ग्लोबल राजस्थान एग्रीटेक मीट (GRAM) में भी विशेषज्ञों की भागीदारी सुनिश्चित की जाएगी।

राजस्थान कृषि में नई ऊंचाइयों पर: मुख्यमंत्री
मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने कहा कि राज्य कृषि क्षेत्र में तेजी से प्रगति कर रहा है। उन्होंने बताया कि सरकार ने पीएम किसान सम्मान निधि में 3 हजार रुपये बढ़ाकर कुल राशि 9 हजार रुपये कर दी है।
उन्होंने मई 2026 में आयोजित होने वाली ग्लोबल राजस्थान एग्रीटेक मीट-2026 को किसानों के लिए लाभकारी बताया।
कृषि बजट में 34% की बढ़ोतरी
मुख्यमंत्री ने बताया कि वर्ष 2026-27 के लिए कृषि बजट में 34% की वृद्धि करते हुए 1.19 लाख करोड़ रुपये का प्रावधान किया गया है। राजस्थान बाजरा, सरसों और ईसबगोल उत्पादन में देश में अग्रणी है।

आधुनिक खेती अपनाने की अपील
मुख्यमंत्री ने किसानों से अपील की कि वे पारंपरिक खेती के बजाय वैज्ञानिक दृष्टिकोण अपनाएं:
- आधुनिक कृषि तकनीकों का उपयोग
- फव्वारा (स्प्रिंकलर) सिंचाई प्रणाली
- मृदा स्वास्थ्य कार्ड के अनुसार उर्वरकों का प्रयोग
- पशुपालन को खेती से जोड़ना
25 माह में रिकॉर्ड उपलब्धियां
मुख्यमंत्री ने बताया कि उनकी सरकार ने 25 महीनों में:
- 35,368 फार्म पॉन्ड बनाए
- 303 करोड़ रुपये का अनुदान दिया
- तारबंदी, शेडनेट हाउस, डिग्गी निर्माण जैसी योजनाओं में तेजी लाई
उन्होंने दावा किया कि यह कार्य पिछली सरकार की तुलना में कई गुना अधिक है।

सम्मेलन में कई राज्यों के मंत्री और विशेषज्ञ शामिल
इस अवसर पर केंद्रीय और राज्य सरकारों के मंत्री, कृषि विशेषज्ञ, वैज्ञानिक और बड़ी संख्या में किसान उपस्थित रहे। सम्मेलन में कृषि उत्पादन, जल प्रबंधन, डिजिटल खेती और प्राकृतिक खेती जैसे विषयों पर चर्चा की गई।
जयपुर में आयोजित यह पश्चिमी क्षेत्रीय कृषि सम्मेलन न केवल राज्यों के बीच सहयोग बढ़ाने का मंच बना, बल्कि किसानों की आय बढ़ाने और कृषि को तकनीकी रूप से सशक्त बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम भी साबित हुआ।



















































