लोक टुडे न्यूज़ नेटवर्क
शारदा बाल निकेतन विद्यालय में आयोजित हुआ भव्य सम्मान समारोह
नागौर: माध्यमिक शिक्षा बोर्ड कक्षा 10वीं के परिणाम घोषित होने के बाद शहर के शारदा बाल निकेतन विद्यालय में प्रतिभावान विद्यार्थियों के सम्मान में एक भव्य समारोह आयोजित किया गया। इस अवसर पर 37 विद्यार्थियों (भैया-बहनों) को सम्मानित किया गया।
मुख्य अतिथि और कार्यक्रम की अध्यक्षता
कार्यक्रम में भारत विकास परिषद के कार्यकर्ता एवं उद्योगपति सुभाष ललवानी मुख्य अतिथि रहे।
कार्यक्रम की अध्यक्षता आदर्श शिक्षण संस्थान के जिला अध्यक्ष हरिराम धारनियां ने की।
विशिष्ट अतिथि के रूप में:
- प्रबंध समिति अध्यक्ष सोहन कोर
- नंदकुमार शर्मा
- उपाध्यक्ष पिंटू सा ललवानी उपस्थित रहे।
विद्यार्थियों की मेहनत और मार्गदर्शन की सराहना
प्रबंध समिति के प्रचार प्रमुख शिंभूराम चोटिया ने कहा कि:
- विद्यार्थियों की सफलता में आचार्यों और अभिभावकों की अहम भूमिका रही है।
- सही मार्गदर्शन और निरंतर मेहनत से भविष्य में भी ऐसे परिणाम आते रहेंगे।
संपर्क प्रमुख कमल गुर्जर ने कहा कि:
- इस तकनीकी युग में बच्चों को आगे बढ़ाने में अभिभावकों की भूमिका अत्यंत महत्वपूर्ण है।
- बच्चों की भावनाओं को समझकर उन्हें प्रेरित करना जरूरी है।
मेधावी विद्यार्थियों को विशेष सम्मान
विद्यालय के प्रधानाचार्य गेनाराम गुरु ने बताया कि:
- 95% से अधिक अंक लाने वाले
- जयन्त सारस्वत
- ऋषिराज
- राधिका
- प्रज्ञा चारण
को विशेष पुरस्कार देकर सम्मानित किया गया।
- 85% से अधिक अंक प्राप्त करने वाले 33 विद्यार्थियों को भी सम्मानित किया गया।
- इसके अलावा, अपने-अपने विषयों में 100 में से 100 अंक प्राप्त करने वाले विद्यार्थियों को भी मंच पर सम्मान दिया गया।
पारंपरिक अंदाज में हुआ सम्मान
कार्यक्रम में सभी विद्यार्थियों को:
- माला पहनाकर
- साफा बांधकर
- मिठाई खिलाकर सम्मानित किया गया
साथ ही उनके अभिभावकों को भी शुभकामनाएं दी गईं।
कार्यक्रम का संचालन और समापन
- कार्यक्रम का संचालन अरविंद बोड़ा ने किया।
- कमला चारण ने अतिथियों का स्वागत और परिचय करवाया।
- अंत में वंदे मातरम के साथ कार्यक्रम का समापन हुआ।
बड़ी संख्या में रही उपस्थिति
इस अवसर पर प्रबंध समिति के पदाधिकारी, आचार्यगण, अभिभावक और बड़ी संख्या में विद्यार्थी उपस्थित रहे।
यह सम्मान समारोह विद्यार्थियों के उत्साहवर्धन के साथ-साथ शिक्षा के क्षेत्र में उत्कृष्टता को बढ़ावा देने का एक प्रेरणादायक उदाहरण है।


















































