पीसांगन में प्रशासन ने कड़ी मशक्कत के बाद भड़सुरी में खान में डूबे 21 वर्षीय युवक के शव को निकाला
लोक टुडे न्यूज नेटवर्क- ओम प्रकाश चौधरी की रिपोर्ट
अजमेर । पीसांगन थाना क्षेत्र के भड़सुरी में एक दिन पूर्व दोपहर में 21 वर्षीय युवक के खान में डूबने की सूचना पर मौके पर पहुंचे शासन प्रशासन ने सवेरे सवा 4 बजे तक 7 वाटर पंपो की मदद से करीब 30-35 फिट गहरी खान में भरे पानी को बाहर निकलवाकर एसडीआरएफ की मदद से रैस्क्यू ऑपरेशन शुरू कर सवेरे सवा 4 बजे खान में डूबे युवक का शव बरामद कर पोस्टमार्टम के लिए पीसांगन मोर्चरी में सुरक्षित रखवाया। इस दौरान उपखंड अधिकारी राजीव बड़गूजर,तहसीलदार भागीरथ चौधरी,विकास अधिकारी सोहनलाल डारा,थानाधिकारी प्रहलाद सहाय,प्रशासक प्रतिनिधि बलदेव गुर्जर,हैड कांस्टेबल गुलाबराम,महेश कुमार समेत पीसांगन,मांगलियावास व पुष्कर थाने का पुलिस जाब्ता मौके पर मौजूद रहा। पुलिस ने मृतक के चाचा की रिपोर्ट पर कार्रवाई कर शव का पोस्टमार्टम करवाकर शव परिजनों के सुपुर्द कर मामले की जांच पड़ताल शुरू की।
पीसांगन थानाधिकारी प्रहलाद सहाय के मुताबिक उन्हें कल दोपहर में सूचना मिली कि भड़सुरी के रातड़िया तिराहे की ओर स्थित खदान में दोपहर करीब 3 बजे मवेशी चराते वक्त भड़सुरी निवासी हीरालाल खदान में डूब गया है। थानाधिकारी प्रहलाद सहाय ने बताया कि सूचना पर वह मय जाब्ता मौके पर पहुंचे और सिविल डिफेंस की टीम की मदद से खान में डूबे हीरालाल की तलाश में रैस्क्यू ऑपरेशन शुरू किया। खदान में कई घंटो की लंबी तलाश के बाद भी हीरालाल गुर्जर का पता नहीं लगने पर रात 10 बजे से 6 ट्रैक्टरों की मदद लेकर 7 वाटर पंप लगाकर करीब 30-35 फिट गहरी खदान में भरे पानी को खाली करने की कार्रवाई शुरू की गई हैं। आखिरकार 12 घंटे की कड़ी मशक्कत के बाद सवेरे सवा 4 बजे हीरालाल गुर्जर के शव को बरामद कर लिया गया।
थानाधिकारी प्रहलाद सहाय के मुताबिक मृतक हीरालाल के चाचा कैलाश गुर्जर ने दी रिपोर्ट में बताया कि उसका भतीजा हीरालाल जंगल में मवेशी चरा रहा था। जिसका दोपहर करीब 3 बजे पैर फिसलने से वह खदान में गिर कर डूब गया। हीरालाल गुर्जर के खदान में डूबने की सूचना पर उपखंड अधिकारी राजीव बड़गूजर,तहसीलदार भागीरथ चौधरी,विकास अधिकारी सोहनलाल डारा,थानाधिकारी प्रहलाद सहाय,प्रशासक प्रतिनिधि बलदेव गुर्जर,हैड कांस्टेबल गुलाबराम,महेश कुमार समेत पीसांगन,मांगलियावास व पुष्कर थाने का पुलिस जाब्ता व बड़ी संख्या में ग्रामीण भी शव बरामद होने तक मौके पर डटे रहे।