लोक टुडे न्यूज़ नेटवर्क
गंगधार (झालावाड़)। गंगधार कस्बे के कहार मोहल्ले में नागपंचमी का पावन पर्व सैकड़ों वर्षों पुरानी परंपरा के अनुरूप श्रद्धा, उत्साह और भक्ति भाव के साथ मनाया गया। इस अवसर पर निकाले गए भव्य चल समारोह में सैकड़ों महिला-पुरुषों, बच्चों और ग्रामीण अंचल से आए श्रद्धालुओं ने भाग लेकर आस्था का परिचय दिया।
वार्ड पंच मनोहर कहार ने बताया कि कहार समाज द्वारा यह परंपरा वर्षों से निभाई जा रही है। नागपंचमी के अवसर पर नाग देवता की शोभायात्रा एवं भव्य चल समारोह निकाला गया, जिसमें भगवान शिव और नाग देवता की आकर्षक झांकियां सजाई गईं। श्रद्धालुओं ने नाग देवता के चित्र एवं प्रतिमाओं की पूजा-अर्चना कर दूध, फूल, रोली और अक्षत अर्पित किए।
चल समारोह कहार मोहल्ले से प्रारंभ होकर मालपुरा बाजार, पुलिस चौकी गंगधार, नई आबादी, सुभाष चौराहा, कसाई दरवाजा, धानमंडी बाजार और चावड़ी बाजार होते हुए पुनः कहार मोहल्ले पहुंचा।
उज्जैन का बैंड और तोप रहे आकर्षण का केंद्र
कार्यक्रम में मध्यप्रदेश के उज्जैन से आए प्रसिद्ध बैंड एवं पारंपरिक तोप विशेष आकर्षण का केंद्र रहे। वहीं भूतों की पलटन, महाकाली की झांकी, ब्रह्मा-विष्णु-महेश की जीवंत प्रस्तुतियां तथा गोड़ेला कलाकारों की प्रस्तुतियों ने श्रद्धालुओं का मन मोह लिया। 
पर्यावरण संरक्षण का दिया संदेश
आयोजकों ने नागपंचमी के अवसर पर पर्यावरण संरक्षण और जीवों के प्रति संवेदनशीलता का संदेश भी दिया। समाज के लोगों ने जीवित सांपों के प्रदर्शन या उन्हें दूध पिलाने के बजाय मिट्टी एवं धातु से निर्मित नाग प्रतिमाओं की पूजा करने की अपील की, ताकि वन्यजीव संरक्षण को बढ़ावा मिल सके।
आस्था का उमड़ा जनसैलाब
भव्य चल समारोह में गंगधार सहित आसपास के ग्रामीण क्षेत्रों से बड़ी संख्या में श्रद्धालु शामिल हुए। पूरे मार्ग में श्रद्धालुओं ने नाग देवता के जयकारों के साथ पूजा-अर्चना की और सुख-समृद्धि की कामना की।
इस अवसर पर समाज की ओर से प्रकाश पटेल, मनोहर मेम्बर, राजेश पंडा, टिंकू, शंकर, कालू कहार सहित समाज के अनेक गणमान्य लोग एवं बड़ी संख्या में समाजजन उपस्थित रहे।















































