जयहिंद सभा में नेताओं ने पीएम मोदी, विदेश नीति और पाकिस्तान के साथ हुए समझौते को लेकर सवाल उठाए

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लोक टुडे न्यूज नेटवर्क
बाड़मेर।  देश की सेना एवं सशस्त्र बलों के शौर्य व सफलता के सम्मान में आज बाड़मेर में कांग्रेस पार्टी द्वारा जय हिंद सभा आयोजित की गई, जिसमें राजस्थान प्रदेश कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष  गोविंद सिंह डोटासरा, अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी के महासचिव रणदीप सिंह सुरजेवाला, अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी के राजस्थान प्रभारी से सुखजिन्दर सिंह रंधावा, पूर्व मुख्यमंत्री अशोक गहलोत, अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी के महासचिव सचिन पायलट, नेता प्रतिपक्ष टीकाराम जूली, अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी के मध्यप्रदेश प्रभारी हरीश चौधरी, एआईसीसी सचिव चिरंजीराव, रित्विक मकवाना, ऑब्जर्वर जगदीश शर्मा ,सांसद उम्मेदाराम, पूर्व नेता प्रतिपक्ष हेमाराम चौधरी सहित पूर्व सैनिक, कांग्रेस के वरिष्ठ नेतागण एवं कार्यकर्तागण शामिल रहे।
रणदीप सुरजेवाला बोले प्रधानमंत्री जी आपकी रगो में सिंदूर दौड़ता है तो व्यापार की आड़ में समझौता कैसे हो सकता है,
इस अवसर पर सभा को सम्बोधित करते हुए अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी के महासचिव रणदीप सुरजेवाला ने कहा कि राजस्थान की वीरधरा के लोग जो तपती हुई भूमि से सीमा की रक्षा करने के लिए वीर सैनिक देती है, वहां के लोग सेना के पराक्रम व शौर्य के बारे में अच्छी तरह जानते हैं। उन्होंने कहा कि हर भारतीय और हर राजस्थानी को हमारे देश की सेना के शौर्य पर गर्व है। उन्होंने कहा कि भारत की सेना देश के शौर्य का प्रतिबिम्ब है। उन्होंने कहा कि भारतीय सेना अपने लहू से देश की मिट्टी को सीच कर सीमाओं की रक्षा सर्वोच्च बलिदान देकर करने का प्रतीक और प्रतिबिम्ब है। उन्होंने कहा कि भारतीय सेना बहादुरी की वह मिसाल है जो केवल हिन्दुस्तान में नहीं बल्कि पूरी दुनिया में दी जाती है।
उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री यदि आपकी रगो में सिंदूर दौड़ता है तो व्यापार की आड़ में समझौता कैसे हो सकता है, यह जवाब देश की जनता मांग रही है।
गोविन्द सिंह डोटासरा ने  संबोधत किया
इस अवसर पर सभा को संबोधित करते हुए राजस्थान प्रदेश कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष गोविन्द सिंह डोटासरा ने कहा कि देश की आजादी के समय महान् स्वतंत्रता सेनानी सुभाष चंद्र बोस ने जय हिंद का नारा दिया था, जिसका तात्पर्य है कि हमारे देश की जय हो, देश की सेना की जय हो, इसीलिए आज सेना के शौर्य व पराक्रम के सम्मान के लिए आयोजित इस रैली का नाम जय हिंद सभा रखा गया है। उन्होंने कहा कि जिस प्रकार हमारी सेना ने पूर्व में बालाकोट और अब पहलगाम की घटना के बाद आतंकवादियों के पाकिस्तान स्थित ठिकानों के विरुद्ध कार्रवाई की पूरे देश व दुनिया में यह संदेश गया कि अब हमारा देश पीछे हटने वाला नहीं है। हमारी सेना और सैन्य शक्ति इतनी मजबूत है कि दुनिया का कोई भी देश हमारी सीमाओं की ओर आंख उठाकर नहीं देख सकता है। सीधा संदेश गया था और यह संदेश सेना के माध्यम से गया कि हमारी सीमाएं सुरक्षित है, हमारे नागरिक सुरक्षित है, इसीलिए उनके पराक्रम को सलाम करने के लिए बाड़मेर में जय हिंद सभा आयोजित हुई है।
सुखजिंदर सिंह रंधावा बोले हमारी सेना का साहस 
इस अवसर पर अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी के महासचिव राजस्थान प्रभारी सुखजिंदर सिंह रंधावा ने कहा कि भारत की सेना का शौर्य और पराक्रम की बराबरी कोई नहीं कर सकता। उन्होंने कहा कि देश की सीमा किसी एक की नहीं होती है, वहां सुरक्षा करते हुए जब जवान का खून गिरता है तो वह देश के जवान का होता है। उन्होंने कहा कि उनका गांव पाकिस्तान बॉर्डर के बहुत ही नजदीक है और उन्हें आज भी 1971 का युद्ध याद है उस वक्त बॉर्डर पर नारा लगता था हर हर महादेव, अल्लाह हू अकबर और जो बोले सो निहाल सत अकाल, यह हमारे देश की एकता का एक बेहतरीन उदाहरण है, क्योंकि यह देश सभी का है।
अशोक गहलोत ने युद्द विराम पर उठाया सवाल
इस अवसर पर सभा को संबोधित करते हुए पूर्व मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने कहा कि भारतीय सेना ने पाकिस्तान के आतंकवादी ठिकानों पर हमला किया, अपना शौर्य दिखाया, लेकिन अचानक युद्ध विराम हो गया जो समझ से पर है, क्योंकि ऐसा कभी होता नहीं है, पूर्व में भी पाकिस्तान से युद्ध हुआ तो बांग्लादेश में पाकिस्तान की सेना ने समर्पण कर दिया जो युद्ध विराम हुआ था, आज किन शर्तों पर पाकिस्तान से युद्ध विराम हुआ यह किसी को पता नहीं है, कम से कम देश को पता चलना चाहिए कि कोई बातचीत चल रही है, पाकिस्तान ने कोई शर्त मानी है या ऐसी शर्त मानी जाती है कि जिन आतंकवादियों ने पहलगाम में हमला किया था वह भारत को  सुपुर्द किये जाएंगे तो ऐसा वादा पाकिस्तान करता तो युद्ध विराम होना चाहिए था। उन्होंने कहा कि ऐसा कोई वादा और समझौता होता कि भविष्य में पाकिस्तान में आतंकवादी ठिकाने नहीं बनेंगे, कोई शर्त ऐसी मानी जाती तो यह तो फिर युद्ध विराम होना समझ में आता है, लेकिन बिना किसी शर्त के अचानक युद्ध विराम हो गया, वह भी अमेरिका के राष्ट्रपति ने ट्विट कर बताया कि दोनों देशों के बीच युद्ध विराम हो गया है, जबकि अमेरिका ने कभी भारत का साथ नहीं दिया।
सचिन पायलट बोले पहलगाम की घटना आतंकी घटना नहीं भारत पर हमला था
इस अवसर पर अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी के महासचिव और छत्तीसगढ़ प्रभारी सचिन पायलट ने कहा कि पहलगाम मैं घटित घटना से लेकर ऑपरेशन सिंदूर तक क्या हुआ, सबको पता है, दोहराने की आवश्यकता नहीं है, लेकिन हम सब की सामूहिक आस्था किसी एक चीज में है तो वह भारत की सेना में है और हमें फक्र है कि हम सरहद पर बाड़मेर में खड़े हैं, यहां हमारे सैनिकों ने सीमा की सुरक्षा करते हुए जो शौर्य दिखाया उसके लिए हमारे सैनिक धन्यवाद के पात्र हैं, जिन्होंने डटे रहकर पाकिस्तान में नौ आतंकी ठिकाने समाप्त कर दिये।
भाजपा नेता ने कर्नल सोफिया कुरैशी के लिये किन शब्दों का इस्तेमाल किया वह शर्मसार करने वाला है, लेकिन और भी शर्म की बात यह है कि आज तक उसका इस्तीफा तक नहीं लिया गया। उन्होंने कहा कि मध्यप्रदेश के उप मुख्यमंत्री, हरियाणा के सांसद हमारी सेना का, हमारी वीरांगनाओं का मजाक उड़ा रहे हैं, कोई कुछ बोल नहीं रहा, भाजपा का शीर्ष नेतृत्व चुप है, जबकि उन्हें देश से माफी मांगनी चाहिये।
नेता प्रतिपक्ष टीकाराम जूली
इस अवसर पर नेता प्रतिपक्ष टीकाराम जूली ने सभा को संबोधित करते हुए कहा कि भारत की सैना व सैनिकों के शौर्य और पराक्रम का कोई मुकाबला नहीं कर सकता है, यही सुना है जिसने पाकिस्तान के दो टुकड़े कर दुनिया के भूगोल को बदलने का कार्य किया था ।  उन्होंने कहा कि यह विदेश नीति और कूटनीति विफल हो गई, जबकि पाकिस्तान जैसे देश के साथ चीन और तुर्की खुलकर खड़े हो गये। उन्होंने कहा कि देश में पहले भी गठबंधन की सरकारें बनी है और प्रधानमंत्री बने हैं, लेकिन सभी ने यह नीति अपनाई की दो देशों के मध्य विवाद में किसी तीसरे का स्थान नहीं है, किन्तु प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के मित्र अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प ने युद्ध विराम करवा दिया।
हरीश चौधरी ने सभा में सभी आगन्तुकों, पूर्व सैनिकों तथा वीरांगनाओं का सभा में स्वागत किया
अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी के मध्यप्रदेश प्रभारी एवं विधायक हरीश चौधरी ने सभा में सभी आगन्तुकों, पूर्व सैनिकों तथा वीरांगनाओं का सभा में स्वागत किया और मांग की पहलगाम में आतंकवादियों के हाथों शहीद हुए 26 लोगों को केन्द्र सरकार शहीद का दर्जा दें, क्योंकि वह 26 परिवार केन्द्र सरकार के विश्वास पर पर्यटन के लिए कश्मीर गए थे, इसलिए उन्हें शहीद का दर्जा दिया जाना आवश्यक है। उन्होंने कहा कि देश की सेना के साथ पूरा देश खड़ा था और सेना ने अपने शौर्य से आतंकवादियों के विरुद्ध कार्रवाई की, किसी ने सवाल नहीं उठाया, आतंकवादी कहां से आए और कहां भाग गए, वहां सुरक्षा क्यों नहीं की, क्योंकि उस वक्त ऐसा समय एवं स्थिति नहीं थी और सेना कार्रवाई कर रही थी। सभा को कांग्रेस के अन्य वरिष्ठ नेताओं ने भी संबोधित किया।
जय हिन्द सभा में राजस्थान प्रदेश कांग्रेस कमेटी द्वारा पूर्व सैनिकों एवं वीरांगनाओं को स्मृति चिन्ह भेंट कर सम्मानित किया गया।
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