लोक टुडे न्युज़ नेटवर्क
— ‘लखनवी कुज़िन’ को मिली वैश्विक पहचान
जोधपुर |
लखनऊ। भारत की सांस्कृतिक विरासत में एक और गौरवशाली अध्याय जुड़ गया है। यूनेस्को ने लखनऊ शहर को उसके प्रसिद्ध ‘लखनवी कुज़िन’ (Awadhi Cuisine) के लिए अपनी क्रिएटिव सिटीज नेटवर्क (Creative Cities Network) की सूची में शामिल किया है। इसके साथ ही लखनऊ भारत का 9वां शहर बन गया है जो यूनेस्को की इस प्रतिष्ठित सूची में दर्ज हुआ है।
भारत के लिए गर्व का पल
केंद्रीय संस्कृति एवं पर्यटन मंत्री गजेन्द्र सिंह शेखावत ने जोधपुर स्थित अपने आवास पर मीडिया से बातचीत में कहा —
“यह भारत के लिए गर्व का क्षण है कि यूनेस्को ने हमारे एक और शहर की सांस्कृतिक पहचान को वैश्विक स्तर पर मान्यता दी है। लखनऊ का यह चयन हमारे समृद्ध पाक-परंपरा की अंतरराष्ट्रीय स्वीकार्यता का प्रतीक है।”
उन्होंने बताया कि यूनेस्को, जो संयुक्त राष्ट्र का एक अंग है, विश्व की मूर्त और अमूर्त धरोहरों को संरक्षित करने का कार्य करता है। हाल ही में भारत ने मराठा वंशजों के ऐतिहासिक किलों को भी विश्व धरोहर सूची में शामिल करवाया था।
लखनवी स्वाद की दुनिया में गूंज
शेखावत ने बताया कि शुक्रवार को यूनेस्को ने अपनी नई क्रिएटिव सिटीज सूची जारी की, जिसमें लखनऊ को उसके विशिष्ट भोजन संस्कृति, मसालों के उपयोग, पाक-कला और स्वाद की विविधता के आधार पर चुना गया।
“लखनवी भोजन सिर्फ एक व्यंजन नहीं, बल्कि एक संस्कृति है जो मुगलकाल से लेकर आज तक जीवित है,” उन्होंने कहा।
इस मान्यता से लखनऊ की वैश्विक पहचान, गैस्ट्रोनॉमिक टूरिज्म और स्थानीय आर्थिक विकास को नई दिशा मिलेगी। साथ ही, आने वाले समय में ‘लखनवी फूड फेस्टिवल’ जैसे आयोजनों से इसकी लोकप्रियता और बढ़ेगी।
️ भारत के अब 9 शहर यूनेस्को क्रिएटिव सिटीज नेटवर्क में
लखनऊ के जुड़ने के बाद भारत के अब कुल 9 शहर यूनेस्को की इस सूची में शामिल हैं —
| क्रमांक | शहर | विशेषता |
|---|---|---|
| 1 | जयपुर | हस्तशिल्प |
| 2 | वाराणसी | संगीत |
| 3 | चेन्नई | संगीत |
| 4 | मुंबई | फिल्म |
| 5 | हैदराबाद | पाक-कला (बिरयानी) |
| 6 | श्रीनगर | हस्तशिल्प और लोक कला |
| 7 | कोझिकोड (केरल) | साहित्य |
| 8 | लखनऊ | संगीत (लखनऊ घराना) |
| 9 | लखनऊ | पाक-कला (लखनवी कुज़िन) |

आने वाले कार्यक्रम
केंद्रीय मंत्री ने यह भी बताया कि आने वाले दिनों में अमूर्त हेरिटेज (Intangible Heritage) पर यूनेस्को की बैठक दिल्ली में आयोजित की जाएगी।
“हमने यह निर्णय लिया है कि ‘छठ पूजा’ को भी यूनेस्को हेरिटेज सूची में शामिल करवाने का प्रस्ताव भेजा जाएगा,” शेखावत ने कहा।
लखनऊ की यह उपलब्धि न केवल उत्तर प्रदेश बल्कि भारत की पाक-कला परंपरा के लिए एक ऐतिहासिक क्षण है — जो “नवाबी तहज़ीब और स्वाद” को विश्व पटल पर एक नई पहचान दिला रहा है।
















































