लोक टुडे न्यूज़ नेटवर्क
जयपुर। (रूपनारायण सांवरिया) केंद्रीय रेल, इलेक्ट्रॉनिक्स एवं सूचना प्रौद्योगिकी मंत्री अश्विनी वैष्णव ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में पिछले 12 वर्षों में रेलवे सहित देश के सभी क्षेत्रों में ऐतिहासिक विकास हुआ है और इसका सबसे बड़ा लाभ राजस्थान को मिला है।
जयपुर स्थित भाजपा प्रदेश मुख्यालय में आयोजित मीडिया संवाद कार्यक्रम में उन्होंने कहा कि यूपीए सरकार के समय राजस्थान को जहां रेलवे के लिए मात्र 682 करोड़ रुपये का बजट मिलता था, वहीं मोदी सरकार ने इसे बढ़ाकर 10,828 करोड़ रुपये कर दिया है। उन्होंने बताया कि वर्तमान में राजस्थान में लगभग 76,000 करोड़ रुपये के रेलवे विकास कार्य चल रहे हैं।
85 रेलवे स्टेशनों का हो रहा कायाकल्प
रेल मंत्री ने कहा कि राज्य में 85 रेलवे स्टेशनों का पुनर्विकास एवं आधुनिकीकरण किया जा रहा है। इनमें जयपुर, जोधपुर, बीकानेर, अजमेर, कोटा, अलवर, आबू रोड, पाली मारवाड़ और जालोर सहित कई प्रमुख स्टेशन शामिल हैं। इन स्टेशनों के विकास में राजस्थान की सांस्कृतिक पहचान और वास्तुकला को विशेष रूप से शामिल किया जा रहा है।
नई रेल सेवाएं और वंदे भारत ट्रेनों का विस्तार
अश्विनी वैष्णव ने बताया कि कोविड के बाद राजस्थान को 46 नई रेलगाड़ियां दी गई हैं, जिनमें जोधपुर-दिल्ली, बीकानेर-दिल्ली, जैसलमेर-दिल्ली और जोधपुर-पुणे जैसी प्रमुख सेवाएं शामिल हैं। उन्होंने कहा कि अजमेर-जयपुर-दरभंगा रेल सेवा को आज से नियमित कर दिया गया है, जबकि कई रूटों पर वंदे भारत ट्रेनों का संचालन भी शुरू किया गया है।
नई रेल परियोजनाएं और फ्रेट कॉरिडोर
उन्होंने बताया कि राज्य में आगरा-बांदीकुई, अजमेर-चित्तौड़गढ़, रींगस-सीकर, सवाई माधोपुर-जयपुर और लूणी-भीलड़ी जैसी डबलिंग परियोजनाएं तेज गति से चल रही हैं। साथ ही पुष्कर-मेड़ता, नीमच-बड़ी सादड़ी और रामगंज मंडी-भोपाल जैसी नई रेल लाइन परियोजनाओं पर भी काम हो रहा है।
राजस्थान में 560 किलोमीटर लंबे फ्रेट कॉरिडोर से जुड़े कार्यों पर 14,700 करोड़ रुपये का निवेश किया गया है, जिससे माल परिवहन और औद्योगिक गतिविधियों को नई गति मिलने की उम्मीद है।
जयपुर में तकनीकी और विकास की नई सौगात
रेल मंत्री ने कहा कि एमएनआईटी जयपुर में क्वांटम लैब, सेमीकंडक्टर लैब और एआई लैब स्थापित की जाएगी। साथ ही जयपुर में अत्याधुनिक एआई डेटा सेंटर और मेडिकल हब विकसित किया जाएगा, जिससे रोजगार और निवेश के नए अवसर पैदा होंगे।
उन्होंने कहा कि मोदी सरकार के 12 वर्षों में रेलवे, शिक्षा, तकनीक और स्वास्थ्य क्षेत्र में अभूतपूर्व बदलाव हुए हैं, जो विकसित भारत के लक्ष्य की दिशा में महत्वपूर्ण कदम हैं।
















































