लोक टुडे न्यूज़ नेटवर्क
फुले के जीवन का प्रत्येक चरण संघर्ष, साहस और करुणा का उदाहरण : जया चौहान
भीलवाड़ा। भारत की प्रथम महिला शिक्षिका एवं महान समाज सुधारक सावित्रीबाई फुले की 195वीं जयंती फुले सेवा संस्थान एवं राजस्थान प्रदेश माली (सैनी) महासभा के संयुक्त तत्वावधान में महात्मा ज्योतिबा फुले मूर्ति परिसर में हर्षोल्लास के साथ मनाई गई। इस अवसर पर सावित्रीबाई फुले के चित्र के समक्ष पुष्पांजलि अर्पित कर इसे प्रेरणा दिवस के रूप में मनाया गया।
जयंती समारोह के तहत पुष्पांजलि कार्यक्रम के पश्चात “आज के दौर में कितनी प्रासंगिक हैं सावित्रीबाई फुले” विषय पर व्याख्यान माला का आयोजन भी किया गया।
समाज सुधार की अग्रदूत थीं सावित्रीबाई फुले
समारोह की मुख्य अतिथि मिसेज राजस्थान जया चौहान ने कहा कि समाज में व्याप्त कुरीतियों के विरुद्ध संघर्ष करने वाले व्यक्तित्वों में कुछ नाम ऐसे होते हैं, जिनका प्रभाव अपने समय से आगे तक जाता है। उनके विचार और कार्य आने वाली पीढ़ियों के लिए दीपस्तंभ बन जाते हैं। सावित्रीबाई फुले ऐसी ही महान समाज सुधारक थीं।
उन्होंने कहा कि सावित्रीबाई फुले न केवल भारत की प्रथम प्रशिक्षित महिला शिक्षिका थीं, बल्कि वे स्त्री शिक्षा, दलित उत्थान और सामाजिक न्याय आंदोलन की सशक्त अग्रदूत भी थीं। उनके जीवन का प्रत्येक चरण संघर्ष, साहस और करुणा का उदाहरण है, जो आज भी उतना ही प्रासंगिक है।
महिला शिक्षा के लिए किया ऐतिहासिक संघर्ष
फूले सेवा संस्थान के अध्यक्ष गोपाललाल माली ने कहा कि सावित्रीबाई फुले ने उस दौर में महिला शिक्षा का बीड़ा उठाया, जब समाज लड़कियों की शिक्षा के सख्त खिलाफ था। उन्होंने सामाजिक विरोधों की परवाह किए बिना महिलाओं और वंचित वर्गों को शिक्षित करने का संकल्प लिया और उसे पूरा किया।
फुले के विचारों को अपनाने का आह्वान
समारोह में राजस्थान प्रदेश माली महासभा के जिला अध्यक्ष भैरूलाल माली, महासभा के प्रदेश सचिव हरनारायण माली, सैनी कर्मचारी संस्था के अध्यक्ष तोताराम माली एवं सचिव कन्हैयालाल बुलिवाल ने सावित्रीबाई फुले की शिक्षाओं को जीवन में उतारने और शिक्षा क्षेत्र में हो रहे समसामयिक परिवर्तनों को अपनाने पर जोर दिया।
बड़ी संख्या में अनुयायी रहे उपस्थित
कार्यक्रम से पूर्व फुले के अनुयायियों ने सावित्रीबाई फुले एवं महात्मा ज्योतिबा फुले की प्रतिमाओं पर माल्यार्पण कर श्रद्धांजलि अर्पित की। इस अवसर पर फूले सेवा संस्थान के कोषाध्यक्ष शंकरलाल गोयल, जिला महामंत्री सत्यनारायण माली, रोशन माली, कर्मचारी संस्था के उपाध्यक्ष रामनारायण कच्छावा, भैरूलाल माली, बंशीलाल माली, नंदलाल माली, रामचंद्र मूंदड़ा, सुनीता शर्मा, सुश्री टीना, तन्नु, सूरज माली, भैरूलाल कुम्हारिया, पवन सैनी, राहुल माली सहित बड़ी संख्या में फुले अनुयायी उपस्थित रहे।













































