लोक टुडे न्यूज़ नेटवर्क
पीपलाज माता जी के डोरा एवं यज्ञ महोत्सव में लोकसभा अध्यक्ष ने समाज की एकता और समरसता पर दिया जोर
उनियारा (दुर्योधन मयंक)। ओम बिरला ने कहा कि त्रेतायुग से केवट समाज सेवा, समर्पण और त्याग की भावना के लिए सदैव जाना जाता है। भगवान श्रीराम को गंगा पार कराने वाले केवट जी की भावना आज भी समाज को सेवा और सनातन संस्कृति से जुड़े रहने की प्रेरणा देती है।
यह बात उन्होंने कोटा के गोठड़ा में आयोजित पीपलाज माता जी डोरा एवं यज्ञ महोत्सव में कही। कार्यक्रम का आयोजन कीर-केवट समाज द्वारा किया गया। मंच के प्रदेश महामंत्री एवं प्रवक्ता डॉ. नरेन्द्र मेहरा ने कार्यक्रम की जानकारी देते हुए बताया कि समारोह में बड़ी संख्या में समाजबंधु उपस्थित रहे।
लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला ने कहा कि मेहनत और सादगी से जीवन जीने वाला केवट समाज सामाजिक समरसता को मजबूत करने का कार्य करता रहा है। उन्होंने कहा कि यज्ञ और धार्मिक आयोजन समाज को जोड़ने तथा सकारात्मक ऊर्जा प्रदान करने का माध्यम होते हैं। पीपलाज माता जी के प्रति लोगों की गहरी आस्था सभी के सुख, समृद्धि और खुशहाली से जुड़ी है।
समारोह की अध्यक्षता करते हुए हरिनंद कहार ने कहा कि समाज की एकता से ही राजनीतिक चेतना विकसित होगी और वर्तमान समय में बिना राजनीतिक जागरूकता के कोई भी समाज तरक्की नहीं कर सकता। उन्होंने समाज की एकजुटता पर बल देते हुए कहा कि इससे राजनीति में मजबूत पहचान बन सकती है।
मंच के प्रदेश सचिव जितेन्द्र धीवर ने बताया कि लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला ने समाजबंधुओं के साथ पंगत में बैठकर प्रसादी ग्रहण की। क्षेत्र में वे अपनी सादगी के लिए विशेष रूप से पहचाने जाते हैं।
कार्यक्रम में प्रेम चंद गोचर, फूलचंद कहार, राजेन्द्र कहार, हरजीत केवट, दानमल कहार, मुकेश केवट, ओम केवट, हरिओम केवट, देवेन्द्र केवट एवं लखन केवट सहित हजारों समाजबंधु उपस्थित रहे।
