लोक टुडे न्यूज़ नेटवर्क
दौसा में पशुपालन मंत्री जोराराम कुमावत ने ली समीक्षा बैठक
दौसा। राजस्थान सरकार के पशुपालन, गोपालन, डेयरी एवं देवस्थान विभाग के कैबिनेट मंत्री जोराराम कुमावत ने गुरुवार को दौसा जिला मुख्यालय पर पशुपालन विभाग की उच्च स्तरीय समीक्षा बैठक ली। बैठक में मंत्री ने विभागीय योजनाओं की प्रगति की विस्तार से समीक्षा करते हुए अधिकारियों को जनकल्याणकारी योजनाओं का लाभ अंतिम छोर तक पहुंचाने के निर्देश दिए।
बैठक में मंत्री कुमावत ने बताया कि मुख्यमंत्री मंगला पशु बीमा योजना के तहत दौसा जिले में पिछले दो वर्षों में 75 हजार 495 पशुओं का बीमा किया गया है। इनमें से 67 हजार 505 पशुओं के चिकित्सा प्रमाण पत्र जारी किए जा चुके हैं, जबकि 50 हजार 968 बीमा पॉलिसियों का वितरण किया गया है।
उन्होंने बताया कि ‘सेक्स सोर्टेड सीमन योजना’ के तहत दौसा जिले ने वर्ष 2025-26 के निर्धारित लक्ष्य की शत-प्रतिशत प्राप्ति कर ली है। जिले में अब तक 4200 पशुओं को सेक्स सोर्टेड सीमन की डोज लगाई जा चुकी है।
बैठक में खुरपका-मुंहपका (FMD) रोग नियंत्रण अभियान की समीक्षा करते हुए मंत्री ने 75 प्रतिशत लक्ष्य प्राप्त करने पर विभागीय अधिकारियों की सराहना की। उन्होंने बताया कि जिले में 5 लाख 70 हजार 250 पशुओं के लक्ष्य के मुकाबले 4 लाख 31 हजार 250 पशुओं का टीकाकरण किया जा चुका है, जबकि 3 लाख 52 हजार 950 पशुओं का रिकॉर्ड ऑनलाइन पोर्टल पर अपडेट किया गया है।
मंत्री ने जिले की पंजीकृत गोशालाओं को मिलने वाले सरकारी अनुदान की स्थिति की भी समीक्षा की। उन्होंने अपात्र गोशालाओं की पात्रता जांच कर आवश्यक कार्रवाई करने के निर्देश दिए। उन्होंने बताया कि जिले में कुल 28 गोशालाएं संचालित हैं, जिनमें से पात्र 13 गोशालाओं को अनुदान दिया जा रहा है। शेष 15 गोशालाओं को पात्रता पूर्ण होने पर अनुदान देने का आश्वासन दिया गया।
इसके अलावा मंत्री ने विभागीय कार्यालयों के पट्टे बनवाने तथा नंदीशालाओं को पूर्ण रूप से क्रियाशील करने के निर्देश भी अधिकारियों को दिए।
कैबिनेट मंत्री जोराराम कुमावत ने कहा कि राज्य सरकार पशुपालकों और किसानों के आर्थिक उत्थान के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है। मुख्यमंत्री मंगला पशु बीमा योजना और सेक्स सोर्टेड सीमन योजना सरकार की प्राथमिकताओं में शामिल हैं। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि योजनाओं के निर्धारित लक्ष्य समयबद्ध तरीके से पूरे किए जाएं तथा गोवंश संरक्षण और संवर्धन में किसी प्रकार की लापरवाही न बरती जाए।
उन्होंने कहा कि पंजीकृत गोशालाओं को समय पर अनुदान उपलब्ध कराया जाए और एफएमडी टीकाकरण अभियान का दायरा लगातार बढ़ाया जाए, ताकि पशुधन को गंभीर बीमारियों से सुरक्षित रखा जा सके। मंत्री ने चेतावनी देते हुए कहा कि कार्य में लापरवाही बरतने वाले अधिकारियों के खिलाफ सख्त अनुशासनात्मक कार्रवाई की जाएगी।
बैठक में अतिरिक्त जिला कलेक्टर अरविंद शर्मा, एसडीएम संजू मीणा, पशुपालन विभाग के संयुक्त निदेशक प्रहलाद सिंह सहित विभाग के अनेक अधिकारी एवं कर्मचारी उपस्थित रहे।
