लोक टुडे न्यूज़ नेटवर्क
एक वर्ष से फरार आरोपी 7-8 राज्यों में छिपता फिर रहा था, 48 घंटे की तकनीकी निगरानी के बाद पुलिस ने दबोचा
पीसांगन (अजमेर)। मांगलियावास थाना पुलिस ने नाबालिग अपहरण के एक मामले में पिछले एक वर्ष से फरार चल रहे जिला स्तरीय टॉप-10 अपराधी को गिरफ्तार करने में सफलता हासिल की है। आरोपी पर जिला पुलिस अधीक्षक द्वारा 10 हजार रुपये का इनाम घोषित किया गया था।
मांगलियावास थानाधिकारी हरीश चौधरी ने बताया कि एक परिवादी ने अपनी नाबालिग पुत्री को बहला-फुसलाकर भगाने की रिपोर्ट दर्ज करवाई थी। मामले में मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू की गई। पुलिस टीम ने तकनीकी साक्ष्यों, संदिग्ध मोबाइल नंबरों की कॉल डिटेल तथा घटनास्थल के आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज का गहन विश्लेषण किया।
जांच के दौरान पुलिस ने पहले पीड़िता को दस्तयाब किया और उसके बाद मुख्य आरोपी की तलाश शुरू की। आरोपी की पहचान मांगलियावास निवासी 22 वर्षीय अजय उर्फ खींवराज वाल्मीकि के रूप में हुई, जो पिछले एक वर्ष से फरार चल रहा था।
थानाधिकारी चौधरी के अनुसार आरोपी गिरफ्तारी से बचने के लिए लगातार स्थान बदल रहा था और पिछले एक वर्ष में 7 से 8 राज्यों में फरारी काट चुका था। पुलिस टीम ने तकनीकी निगरानी के आधार पर लगातार 48 घंटे तक उसका पीछा किया और अंततः उसे गिरफ्तार कर लिया।
पुलिस ने बताया कि अजय उर्फ खींवराज वाल्मीकि अजमेर जिले के टॉप-10 वांछित अपराधियों की सूची में शामिल था। उसकी गिरफ्तारी पर 10 हजार रुपये का इनाम भी घोषित था।
टीम का रहा अहम योगदान
इस कार्रवाई को अंजाम देने वाली पुलिस टीम में थानाधिकारी हरीश चौधरी, एएसआई आरिफ खान, पवन कुमार, कांस्टेबल विजेन्द्र कुमार, शिवराज भांबू, मुकेश ओलण एवं सुखदेव रियाड़ शामिल रहे।
फिलहाल पुलिस आरोपी से पूछताछ कर रही है तथा अन्य राज्यों में उसके संपर्कों, नेटवर्क और फरारी के दौरान मदद करने वाले व्यक्तियों के संबंध में जानकारी जुटाई जा रही है।
