लोक टुडे न्यूज़ नेटवर्क
पूर्व संसदीय सचिव रामस्वरूप कसाना के नेतृत्व में कांग्रेस व छात्र शक्ति का प्रदर्शन, छात्रों पर बल प्रयोग की निंदा
कोटपूतली | दिल्ली के जंतर-मंतर पर प्रदर्शन कर रहे छात्रों पर कथित लाठीचार्ज के विरोध में मंगलवार को कोटपूतली के मुख्य चौराहे पर कांग्रेस कार्यकर्ताओं और छात्र शक्ति ने केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान का पुतला दहन कर विरोध-प्रदर्शन किया। प्रदर्शन का नेतृत्व पूर्व संसदीय सचिव रामस्वरूप कसाना ने किया।
प्रदर्शन के दौरान कार्यकर्ताओं ने केंद्र सरकार और केंद्रीय शिक्षा मंत्री के खिलाफ नारेबाजी करते हुए आरोप लगाया कि छात्र शिक्षा से जुड़े मुद्दों और अपने अधिकारों की मांग को लेकर शांतिपूर्ण तरीके से प्रदर्शन कर रहे थे, लेकिन उनकी बात सुनने के बजाय उन पर बल प्रयोग किया गया। प्रदर्शनकारियों ने इसे लोकतांत्रिक अधिकारों और अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता पर हमला बताते हुए इसकी कड़ी आलोचना की।
पूर्व संसदीय सचिव रामस्वरूप कसाना ने कहा कि देश के छात्र अपने भविष्य और शिक्षा व्यवस्था में सुधार की मांग को लेकर लोकतांत्रिक तरीके से आंदोलन कर रहे हैं। ऐसे में छात्रों पर लाठीचार्ज जैसी कार्रवाई लोकतांत्रिक मूल्यों के विपरीत है। उन्होंने जंतर-मंतर की घटना की निष्पक्ष जांच कराने, दोषियों के खिलाफ कार्रवाई करने तथा केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान से नैतिक जिम्मेदारी लेते हुए इस्तीफा देने की मांग की।
प्रदर्शन में कांग्रेस कार्यकर्ताओं के साथ बड़ी संख्या में छात्र शक्ति के पदाधिकारी और कार्यकर्ता शामिल हुए। सभी ने छात्र हितों की रक्षा, शिक्षा व्यवस्था में पारदर्शिता और छात्रों की लोकतांत्रिक आवाज का सम्मान किए जाने की मांग उठाई। प्रदर्शन के अंत में केंद्रीय शिक्षा मंत्री का पुतला दहन कर विरोध दर्ज कराया।











































