लोक टुडे न्यूज़ नेटवर्क
जोधपुर। राजस्थान आशा सहयोगिनी संगठन की ओर से सोमवार को मुख्यमंत्री के नाम जिला कलेक्टर को 11 सूत्री मांग पत्र सौंपा गया। संगठन ने आशा सहयोगिनियों के नियमितीकरण, मानदेय वृद्धि सहित विभिन्न मांगों को लेकर प्रदर्शन किया।
प्रदर्शन से पहले बड़ी संख्या में आशा सहयोगिनियां सीएमएचओ कार्यालय के बाहर एकत्रित हुईं। इसके बाद रैली के रूप में सीएमएचओ कार्यालय से रवाना होकर सोजती गेट होते हुए जिला कलेक्टर कार्यालय पहुंचीं। यहां आशा सहयोगिनियों ने मानव श्रृंखला बनाकर अपनी मांगों के समर्थन में प्रदर्शन किया और मुख्यमंत्री के नाम जिला कलेक्टर को ज्ञापन सौंपा।
राजस्थान आशा सहयोगिनी संगठन की जिला अध्यक्ष सुनीता प्रजापत और प्रेमलता डूडी ने बताया कि आशा सहयोगिनियां लंबे समय से स्वास्थ्य सेवाओं में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रही हैं, लेकिन उन्हें मिलने वाला मानदेय काफी कम है। उन्होंने कहा कि अल्प मानदेय में परिवार का गुजारा करना मुश्किल हो रहा है, इसलिए सरकार से उन्हें नियमित कर्मचारी का दर्जा देने और मानदेय बढ़ाने की मांग की गई है।
संगठन की प्रमुख मांगों में आशा सहयोगिनियों का नियमितीकरण, मानदेय में वृद्धि, सेवानिवृत्ति के बाद पेंशन सुविधा, न्यूनतम 24 हजार रुपये प्रतिमाह मानदेय देने, किए जा रहे कार्यों के अनुरूप प्रोत्साहन राशि उपलब्ध कराने सहित अन्य मांगें शामिल हैं।
आशा सहयोगिनियों ने कहा कि वे वर्षों से स्वास्थ्य विभाग की योजनाओं को जमीनी स्तर तक पहुंचाने का कार्य कर रही हैं। ऐसे में उनकी मांगों पर सरकार को सकारात्मक निर्णय लेना चाहिए। संगठन ने चेतावनी दी कि यदि मांगों पर जल्द विचार नहीं किया गया तो आंदोलन को आगे बढ़ाया जाएगा।