लोक टुडे न्युज़ नेटवर्क
अजमेर संवाददाता | नितिन मेहरा
अजमेर। राजस्थान के पूर्व मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने अजमेर में प्रेसवार्ता कर भाजपा और राष्ट्रीय राजनीति पर तीखे सवाल उठाए। इस दौरान उन्होंने पूर्व मुख्यमंत्री वसुंधरा राजे को लेकर बड़ा बयान दिया। गहलोत ने कहा कि “अगर वसुंधरा राजे फिर से मुख्यमंत्री बनतीं तो मजा आता, लेकिन उनकी ही पार्टी उन्हें यह मौका नहीं दे रही है। यह भाजपा की सबसे बड़ी गलती है।”
अजमेर सर्किट हाउस में पत्रकारों से बातचीत करते हुए गहलोत ने कहा कि वसुंधरा राजे अनुभवी और सक्षम नेता हैं, ऐसे में भाजपा को उन्हें आगे बढ़ाना चाहिए था। उन्होंने कहा, “भाजपा की नेचुरल चॉइस वसुंधरा राजे होनी चाहिए थी, लेकिन उन्हें अवसर नहीं दिया गया। उन्हें दरकिनार क्यों किया जा रहा है, यह सवाल भाजपा से पूछा जाना चाहिए।”
मोहन भागवत के जोधपुर दौरे पर प्रतिक्रिया
वसुंधरा राजे और मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा की जोधपुर में RSS प्रमुख मोहन भागवत से मुलाकात को लेकर पूछे गए सवाल पर गहलोत ने चुटकी लेते हुए कहा, “वसुंधरा राजे के किससे क्या संबंध हैं, यह मुझसे क्यों पूछा जा रहा है?” उन्होंने भागवत के जोधपुर दौरे को सकारात्मक बताते हुए कहा, “यह हमारे लिए सौभाग्य है कि उन्होंने जोधपुर को चुना। उम्मीद है कि वहां से मोहब्बत, भाईचारे और एकता का संदेश जाएगा। जोधपुर की ऐतिहासिक और सांस्कृतिक विरासत बहुत समृद्ध है, इसलिए वहां से सकारात्मक संदेश ही जाना चाहिए।”
भागवत के बयानों पर उठाए सवाल
गहलोत ने RSS प्रमुख के बयान पर भी प्रतिक्रिया दी। उन्होंने कहा कि भागवत अच्छी बातें करते-करते अचानक विवादित मुद्दे उठा देते हैं। काशी और मथुरा से जुड़े बयान पर उन्होंने कहा, “अगर स्वयंसेवकों को छूट दी जा रही है तो वही तो RSS है। फिर ऐसी बयानबाजी क्यों की जाती है, जिससे देश में भ्रम की स्थिति पैदा हो रही है। पूरा देश चुप है, लेकिन चिंतित है और देख रहा है कि आखिर यह दिशा कहां जाएगी।”















































