लोक टुडे न्यूज़ नेटवर्क
रेखा जांगिड़ | सीकर
सीकर। भारत की कम्युनिस्ट पार्टी (मार्क्सवादी) की जिला कमेटी की बैठक रविवार को किशन सिंह ढाका स्मृति भवन में जिला अध्यक्ष मंगल सिंह यादव की अध्यक्षता में आयोजित हुई। बैठक में यमुना जल समझौते, जल जीवन मिशन, कृषि, कानून व्यवस्था और केंद्र व राज्य सरकार की नीतियों सहित विभिन्न मुद्दों पर चर्चा की गई।
बैठक को संबोधित करते हुए माकपा के पोलित ब्यूरो सदस्य एवं सांसद अमराराम ने आरोप लगाया कि हाल ही में हुए यमुना जल समझौते में राजस्थान सरकार ने राज्य के हिस्से के पानी पर अपना दावा कमजोर किया है। उन्होंने कहा कि इससे भविष्य में प्रदेश, विशेषकर शेखावाटी क्षेत्र में पेयजल संकट और गंभीर हो सकता है।
उन्होंने यह भी दावा किया कि जल जीवन मिशन के तहत केंद्र सरकार ने अपने हिस्से की राशि जारी कर दी है, लेकिन राज्य सरकार ने अब तक अपना अंशदान जारी नहीं किया है। उनके अनुसार, इसी कारण कई योजनाओं के कार्यादेश जारी नहीं हो पाए हैं। उन्होंने कहा कि शेखावाटी क्षेत्र के लोगों को आज भी पेयजल के लिए टैंकरों पर निर्भर रहना पड़ रहा है।
माकपा के राज्य सचिव किशन पारीक ने केंद्र सरकार की खाद्य सुरक्षा और भंडारण नीति की आलोचना करते हुए आरोप लगाया कि भारतीय खाद्य निगम के गोदामों के संचालन में निजी क्षेत्र की भागीदारी से किसानों और सार्वजनिक वितरण प्रणाली पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ सकता है।
प्रदेश सचिव मंडल सदस्य दुलीचंद मीणा ने भारत-अमेरिका व्यापार समझौते को लेकर चिंता जताते हुए कहा कि इससे भारतीय किसानों, विशेषकर कपास उत्पादकों, पर प्रतिकूल असर पड़ने की आशंका है। उन्होंने किसानों को मिलने वाली सब्सिडी और कृषि नीतियों पर भी सवाल उठाए।
बैठक में पार्टी के जिला सचिव एवं पूर्व विधायक पेमाराम ने प्रदेश में कानून-व्यवस्था, बेरोजगारी, महंगाई, किसानों की समस्याओं और श्रमिकों से जुड़े मुद्दों को उठाते हुए सरकार की नीतियों की आलोचना की। उन्होंने कहा कि माकपा आने वाले समय में किसानों की कर्जमाफी, श्रमिक अधिकारों, स्मार्ट मीटर, पेयजल और महंगाई जैसे मुद्दों पर जन आंदोलन चलाएगी।
बैठक में पन्नालाल मांडोता, झाबर सिंह काजला, बनवारी नेहरा, महावीर राड़, उस्मान खान, हेमेंद्र महला, हरफूल सिंह बाजिया, सुभाष नेहरा, रामप्रसाद जांगिड़, रूड़ सिंह महला, तारा धायल, सागर खाचरिया, भगवान सिंह बगड़िया, बृज सुंदर जांगिड़, हजारीलाल शर्मा, आबिद हुसैन, रेखा जांगिड़, सुभाष जाखड़ सहित पार्टी के कई पदाधिकारी एवं कार्यकर्ता उपस्थित रहे।
(नोट: समाचार में व्यक्त आरोप और बयान माकपा नेताओं के हैं। इन पर संबंधित सरकारों की प्रतिक्रिया प्राप्त होने पर उसे भी प्रमुखता से प्रकाशित किया जाएगा।)
