लोक टुडे न्यूज़ नेटवर्क
स्वीप कार्यक्रम के तहत विद्यार्थियों और स्टाफ को दिलाई मतदाता जागरूकता की शपथ, एमडीएम, पुस्तकालय, पेयजल और पौधारोपण व्यवस्थाओं का लिया जायजा
पादूकलां, नागौर। पादूकलां क्षेत्र के लांपोलाई स्थित राजकीय उच्च माध्यमिक विद्यालय में 3 सितंबर को स्वीप कार्यक्रम के तहत मतदाता जागरूकता शपथ कार्यक्रम आयोजित किया गया। इस दौरान विद्यार्थियों और विद्यालय स्टाफ को मतदान के महत्व की जानकारी देते हुए जागरूक मतदाता बनने की शपथ दिलाई गई। इसके बाद विद्यालय की शैक्षणिक एवं व्यवस्थागत गतिविधियों का निरीक्षण किया गया।
निरीक्षण के दौरान मिड-डे-मील, पुस्तकालय, पेयजल व्यवस्था, स्वच्छता, पौधारोपण और पौधों की जियो-टैगिंग सहित विद्यालय में संचालित विभिन्न व्यवस्थाओं की जानकारी ली गई। मिड-डे-मील की गुणवत्ता संतोषजनक पाई गई। वहीं पुस्तकालय में विद्यार्थियों के लिए पर्याप्त पुस्तकें उपलब्ध मिलीं और प्रत्येक विद्यार्थी को पुस्तकें उपलब्ध कराने की व्यवस्था का भी अवलोकन किया गया।
विद्यालय का लहर कक्ष भी सुव्यवस्थित पाया गया। निरीक्षण के दौरान कक्षा 1 एवं कक्षा 7 के विद्यार्थियों की उपस्थिति तथा उनकी शैक्षणिक गतिविधियों के संबंध में जानकारी ली गई।
पेयजल व्यवस्था और स्वच्छता का भी लिया जायजा
विद्यालय की पेयजल व्यवस्था के तहत पानी के टैंक एवं हौद की साफ-सफाई की स्थिति का भी निरीक्षण किया गया। विद्यालय प्रबंधन ने बताया कि टैंक एवं हौद की सफाई प्रत्येक माह की 1 तारीख को नियमित रूप से की जाती है।
इसके अलावा विद्यालय परिसर में किए गए पौधारोपण और पौधों की जियो-टैगिंग की जानकारी भी अधिकारियों द्वारा ली गई। विद्यालय की विभिन्न शैक्षणिक एवं सह-शैक्षणिक गतिविधियों का भी अवलोकन किया गया।
विद्यार्थियों से किया संवाद
निरीक्षण के दौरान एसीबीओ प्रदीप भाटी ने विद्यार्थियों से संवाद कर विद्यालय में संचालित गतिविधियों और उन्हें मिल रही सुविधाओं के बारे में जानकारी प्राप्त की। उन्होंने जंगलिया परिवार के बच्चों से भी बातचीत कर उनकी पढ़ाई और विद्यालय में संचालित गतिविधियों के संबंध में जानकारी ली।
निरीक्षण के दौरान साथी अध्यापकों की 100 प्रतिशत उपस्थिति पाई गई। विद्यालय में एमडीएम, पुस्तकालय, लहर कक्ष, पेयजल, स्वच्छता, पौधारोपण और जियो-टैगिंग सहित विभिन्न व्यवस्थाएं सुचारू रूप से संचालित मिलीं।
निरीक्षण के माध्यम से विद्यालय में शिक्षा व्यवस्था के साथ-साथ विद्यार्थियों को उपलब्ध कराई जा रही सुविधाओं और विद्यालय परिसर में संचालित गतिविधियों की स्थिति का भी जायजा लिया गया।





















































