Home latest भरतपुर में बाल विवाह रोकथाम पर एक दिवसीय कार्यशाला आयोजित

भरतपुर में बाल विवाह रोकथाम पर एक दिवसीय कार्यशाला आयोजित

0

लोक टुडे न्यूज़ नेटवर्क

भरतपुर। जिला विधिक सेवा प्राधिकरण, भरतपुर द्वारा बाल विवाह की रोकथाम एवं जन-जागरूकता बढ़ाने के उद्देश्य से एडीआर भवन, जिला न्यायालय परिसर में एक दिवसीय कार्यशाला का आयोजन किया गया। यह कार्यक्रम प्रयत्न संस्था के सहयोग से संपन्न हुआ।

दीप प्रज्ज्वलन के साथ शुभारंभ

कार्यक्रम की शुरुआत जिला एवं सत्र न्यायाधीश एवं अध्यक्ष, जिला विधिक सेवा प्राधिकरण भरतपुर बलजीत सिंह द्वारा दीप प्रज्ज्वलित कर की गई।

उन्होंने अपने संबोधन में बताया कि अक्षय तृतीया और पीपल पूर्णिमा जैसे अवसरों पर बाल विवाह की घटनाएं बढ़ने की संभावना रहती है। उन्होंने कहा कि आधुनिक समाज के विकास में बाल विवाह एक बड़ी बाधा है और इससे प्रभावित बच्चों को विशेष संरक्षण की आवश्यकता होती है।

⚖️ कानून और जागरूकता पर जोर

सचिव, जिला विधिक सेवा प्राधिकरण अनुतोष गुप्ता ने बाल विवाह निषेध अधिनियम के प्रभावी क्रियान्वयन, पीड़ितों के पुनर्वास और राष्ट्रीय विधिक सेवा प्राधिकरण की मानक संचालन प्रक्रिया (SOP) के बारे में विस्तार से जानकारी दी।

वहीं महिला अधिकारिता विभाग के उपनिदेशक राजेश चौधरी ने महिलाओं के अधिकारों, संबंधित कानूनों और सरकारी योजनाओं की जानकारी साझा की।

‍‍ सामाजिक भागीदारी और अभियान

प्रयत्न संस्था की प्रोग्राम मैनेजर शालो हैम्बेम ने “बाल विवाह मुक्त भारत” अभियान के तहत जिले में चल रही गतिविधियों और उपलब्धियों पर प्रकाश डाला। साथ ही केंद्र एवं राज्य सरकार की जनकल्याणकारी योजनाओं की जानकारी भी दी गई।

विभिन्न वर्गों की सहभागिता

कार्यशाला में वन स्टॉप सेंटर की प्रशासक प्रीति सिंह सहित आंगनबाड़ी कार्यकर्ता, सहायिकाएं, साथिन, पीएसएसके कार्यकर्ता एवं पैरा लीगल वॉलंटियर्स ने सक्रिय भागीदारी निभाई।

जन-जागरूकता पर विशेष फोकस

कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य आमजन को बाल विवाह जैसी सामाजिक कुरीति के प्रति जागरूक करना और इसके उन्मूलन के लिए सामूहिक प्रयासों को बढ़ावा देना रहा।

जिला विधिक सेवा प्राधिकरण ने आमजन से अपील की है कि वे इस प्रकार की गतिविधियों की जानकारी अधिक से अधिक लोगों तक पहुंचाएं, ताकि समाज को इस कुरीति से मुक्त किया जा सके।

NO COMMENTS

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

Exit mobile version