लोक टुडे न्यूज़ नेटवर्क
3 घंटे बाद प्रशासन के आश्वासन पर खत्म हुआ प्रदर्शन
सिरोही। राजस्थान के सिरोही जिले के रेवदर ब्लॉक में सरकारी विद्यालयों में शिक्षकों की कमी को लेकर विरोध लगातार तेज होता जा रहा है। नागाणी विद्यालय में प्रदर्शन के एक दिन बाद मंगलवार को महात्मा गांधी राजकीय विद्यालय, सिरोड़ी में विद्यार्थियों, अभिभावकों और ग्रामीणों ने शिक्षकों की नियुक्ति की मांग को लेकर स्कूल के मुख्य प्रवेश द्वार पर ताला जड़ दिया। करीब तीन घंटे तक चले प्रदर्शन के दौरान शिक्षा विभाग के खिलाफ जमकर नारेबाजी हुई, जिससे विद्यालय की शैक्षणिक गतिविधियां पूरी तरह प्रभावित रहीं।
ग्रामीणों का आरोप है कि लंबे समय से शिक्षकों की कमी को लेकर प्रशासन और शिक्षा विभाग को कई बार ज्ञापन दिए गए, लेकिन समस्या का समाधान नहीं हुआ। इससे नाराज होकर विद्यार्थियों, अभिभावकों और ग्रामीणों ने आंदोलन का रास्ता अपनाया।
32 स्वीकृत पद, कार्यरत केवल 9 शिक्षक
ग्रामीण दिनेश पुरोहित ने बताया कि विद्यालय में शिक्षकों के 32 पद स्वीकृत हैं, लेकिन वर्तमान में केवल 9 शिक्षक ही कार्यरत हैं। इसके कारण अधिकांश विषयों की नियमित पढ़ाई प्रभावित हो रही है। सबसे अधिक परेशानी कॉमर्स संकाय के विद्यार्थियों को हो रही है, क्योंकि वहां एक भी विषय विशेषज्ञ शिक्षक उपलब्ध नहीं है। विद्यार्थियों ने कहा कि पर्याप्त शिक्षकों के अभाव में उनकी पढ़ाई और भविष्य दोनों प्रभावित हो रहे हैं।
ग्रामीणों ने रखीं ये प्रमुख मांगें
प्रदर्शन के दौरान ग्रामीणों ने प्रशासन के समक्ष कई मांगें रखीं। इनमें विद्यालय के सभी रिक्त पदों पर स्थायी नियुक्ति, कॉमर्स संकाय में तत्काल शिक्षक उपलब्ध कराने, अंग्रेजी माध्यम विद्यालय को पूर्ववत अंग्रेजी माध्यम से संचालित करने तथा बालिका विद्यालय में फर्स्ट ग्रेड शिक्षकों के रिक्त पद शीघ्र भरने की मांग शामिल रही। ग्रामीणों का कहना है कि गुणवत्तापूर्ण शिक्षा उपलब्ध कराना सरकार की जिम्मेदारी है और इस दिशा में तत्काल ठोस कदम उठाए जाने चाहिए।
अधिकारियों के आश्वासन पर खत्म हुआ आंदोलन
प्रदर्शन की सूचना मिलते ही सीबीईओ गमनाराम कोली, प्रशासनिक अधिकारी महिपाल सिंह भाटी तथा भाजपा जिला प्रवक्ता दीपेंद्र सिंह पीथापुरा मौके पर पहुंचे। अधिकारियों ने विद्यार्थियों और ग्रामीणों से बातचीत कर उनकी समस्याएं सुनीं और समाधान का भरोसा दिलाया।
सीबीईओ गमनाराम कोली ने बताया कि विद्यालय में शिक्षण व्यवस्था को सुचारु बनाए रखने के लिए तत्काल प्रभाव से चार शिक्षकों की शिक्षण व्यवस्थार्थ नियुक्ति की गई है। साथ ही रिक्त पदों की जानकारी उच्च अधिकारियों को भेजकर स्थायी समाधान के लिए आवश्यक कार्रवाई करने का आश्वासन दिया गया।
अधिकारियों के आश्वासन के बाद करीब तीन घंटे से जारी प्रदर्शन समाप्त हुआ और विद्यालय का मुख्य द्वार खोल दिया गया। इस दौरान ग्रामीणों ने शिक्षा विभाग को विस्तृत ज्ञापन सौंपकर सभी रिक्त पदों पर स्थायी नियुक्ति की मांग दोहराई।
लगातार दूसरे दिन शिक्षक संकट को लेकर विरोध
उल्लेखनीय है कि इससे पहले सोमवार को रेवदर क्षेत्र के नागाणी विद्यालय में भी शिक्षकों की कमी को लेकर छात्रों और ग्रामीणों ने प्रदर्शन किया था। उस आंदोलन के बाद शिक्षा विभाग ने वहां तीन शिक्षकों की नियुक्ति की थी। लगातार दूसरे दिन सिरोड़ी में हुए प्रदर्शन से स्पष्ट है कि रेवदर ब्लॉक के कई सरकारी विद्यालय गंभीर शिक्षक संकट से जूझ रहे हैं। यदि जल्द स्थायी समाधान नहीं किया गया तो आंदोलन और व्यापक होने की संभावना से इनकार नहीं किया जा सकता।