लोक टुडे न्यूज़ नेटवर्क
जिम्मेदारों की अनदेखी पर उठे सवाल
सोड़ा पंचायत भवन में बिखरी मिलीं खाली बोतलें, डिस्पोजल गिलास और चाय-नाश्ते की प्लेटें; ग्रामीणों ने नियमित सफाई व्यवस्था पर उठाए सवाल
मालपुरा-टोंक। (नरेश कुरेडा) सोड़ा गांव के पंचायत भवन की बदहाल तस्वीर सामने आई है। जिस पंचायत भवन में ग्रामीणों की समस्याओं के समाधान और सरकारी कामकाज से जुड़ी गतिविधियां संचालित होती हैं, उसी भवन के एक कमरे में गंदगी का अंबार लगा मिला। कमरे में ठंडे की खाली बोतलें, डिस्पोजल गिलास और चाय-नाश्ते की प्लेटें इधर-उधर बिखरी नजर आईं।
पंचायत भवन जैसे सार्वजनिक परिसर में इस तरह गंदगी पसरी होने से साफ-सफाई व्यवस्था को लेकर सवाल खड़े हो गए हैं। ग्रामीणों का कहना है कि यदि पंचायत भवन के अंदर ही स्वच्छता व्यवस्था का यह हाल है तो गांव में स्वच्छता को लेकर किए जा रहे दावों की हकीकत क्या होगी, इसका अंदाजा सहज ही लगाया जा सकता है।
जिम्मेदारों की निगरानी पर सवाल
ग्रामीणों के बीच सबसे बड़ा सवाल यही है कि पंचायत भवन की सफाई की जिम्मेदारी संभालने वाले अधिकारी और कर्मचारी आखिर इस गंदगी से अनजान कैसे हैं? क्या पंचायत भवन की नियमित सफाई नहीं होती या फिर सफाई व्यवस्था की निगरानी नहीं की जा रही?
कमरे में लंबे समय से जमा नजर आ रही खाली बोतलें, डिस्पोजल और प्लेटें जिम्मेदारों की कार्यप्रणाली पर सवाल खड़े कर रही हैं। ग्रामीणों का कहना है कि सार्वजनिक भवनों में स्वच्छता बनाए रखना पंचायत प्रशासन की प्राथमिक जिम्मेदारियों में शामिल होना चाहिए।
तत्काल सफाई की मांग
ग्रामीणों ने पंचायत भवन की तत्काल सफाई करवाने के साथ ही नियमित स्वच्छता व्यवस्था सुनिश्चित करने की मांग की है। उनका कहना है कि पंचायत भवन आमजन के उपयोग से जुड़ा महत्वपूर्ण सार्वजनिक स्थान है। ऐसे में यहां गंदगी का जमावड़ा किसी भी स्थिति में स्वीकार्य नहीं होना चाहिए।
अब देखना यह होगा कि पंचायत प्रशासन इस बदहाल स्थिति पर कब संज्ञान लेता है और पंचायत भवन की सफाई व्यवस्था को दुरुस्त करने के लिए क्या कदम उठाए जाते हैं।