लोक टुडे न्यूज़ नेटवर्क
रिपोर्टर: प्रदीप कुमार डागा, नागौर
नागौर। मूलनायक परमात्मा भगवान महावीर स्वामी जिनालय नागौर एवं नौछतरीया दादावाड़ी के शिलान्यास प्रसंग में बुधवार को भव्य वरघोड़ा निकाला गया।
प्रातः 8:30 बजे कालीपोल स्थित कनक आराधना भवन से वरघोड़ा साध्वी पूज्य प्रवर्तनी श्री चंद्रप्रभा श्रीजी की शिष्या साध्वी श्रीजी एवं प्रभंजना श्रीजी आदि ठाणों की निश्रा में रवाना हुआ। कार्यक्रम में मुख्य अतिथि प्रतापमल सिंघवी (विधायक, छबड़ा) एवं सहायक पुलिस अधीक्षक नागौर जतिन जैन ने वरघोड़े को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया।
वरघोड़ा शहर के प्रमुख मार्गों—लोढ़ा की चौक, लोहिया चौक, गांधीवाड़ी एवं माही दरवाजा से होते हुए नौछतरीया दादावाड़ी पहुंचा। यहां जैन साध्वी प्रभंजना श्रीजी ने जिनालय एवं दादावाड़ी के जीर्णोद्धार एवं शिलान्यास के महत्व पर प्रकाश डाला।
संघ के प्रदीप डागा ने बताया कि वरघोड़े में इंद्रध्वजा, घोड़ियां, ऊंट, बैंड-बाजा, ढोल तथा जिनालय एवं दादावाड़ी की मुख्य शिलाओं से सुसज्जित रथ (बग्गी) विशेष आकर्षण का केंद्र रहे।
जिनालय एवं दादावाड़ी की मुख्य शिलाओं के लाभार्थियों में प्रकाशचंद बच्छावत, हस्तीमल रेखावत, गौतम कोठारी, विजय राज, सुनील कुमार खजांची, लक्ष्मीराज बच्छावत, महेंद्र डागा एवं राजकुमारी लुणावत शामिल रहे। वहीं भगवान की मुख्य शिला के लाभार्थी विजयराज श्रीपाल खजांची परिवार रहे। उपशिलाओं की भी बोली लगाई गई।
कार्यक्रम के दौरान मनोज भाई एवं सिरोही निवासी बाबूमल भाई हरण के सानिध्य में भगवान महावीर स्वामी जिनालय एवं नौछतरीया दादावाड़ी का शिलान्यास संपन्न कराया गया।
इस अवसर पर बीकानेर से जिनेश्वर युवा परिषद के सदस्य एवं अजमेर से खरतरगच्छ श्री संघ के श्रद्धालु बसों द्वारा पहुंचे। कार्यक्रम में बड़ी संख्या में महिला, पुरुष एवं बच्चे उपस्थित रहे।



















































