लोक टुडे न्यूज नेटवर्क
उनियारा (सत्यप्रकाश मयंक)।
उपखंड क्षेत्र के सुखोदय अतिशय तीर्थ क्षेत्र सुथड़ा में श्रद्धा के साथ जैन धर्म के 21 वे तीर्थंकर नमिनाथ भगवान का जन्म और तप कल्याणक बड़ी मनाया गया । प्रबंध कमेटी से गजानंद बड़जात्या एवं अजय गोधा अलीगढ़ ने बताया कि नमीनाथ भगवान जैन धर्म के 21 वे तीर्थंकर हैं। तीर्थंकर:जैन धर्म में, वे होते हैं जो मोक्ष (मुक्ति) का मार्ग दिखाते हैं। उनका जन्म मिथिला नगरी में राजा विजय और रानी विप्र के यहाँ हुआ था। वे 10,000 वर्ष तक जीवित रहे। जिन्होंने मानव जाति को धर्म और ज्ञान का मार्ग दिखाया था।
कल्याणक यह उस दिन का उत्सव है जब भगवान जन्म हुआ नमिनाथ भगवान ने 10,000 वर्ष तक सांसारिक जीवन बिताया और फिर गिरनार पर्वत पर दीक्षा ग्रहण की। उन्होंने वहां केवल ज्ञान प्राप्त किया और मोक्ष प्राप्त किया। सर्वप्रथम मंगलाष्टक कर नित्य अभिषेक शांति धारा की गई प्रथम शांति धारा तेजमल जैन घासीलाल संतु कुमार राजेश कुमार आदि जैन सम्यक रियांश जैन खुटवाले परिवार उनियारा द्वारा की गई।उसके बाद देव शास्त्र पूजा चौबीस भगवान की मूलनायक प्रतिमा एवं नमिनाथ भगवान की पूजा की गई। अभिषेक मे मनोज पाटोदी कमल कासलीवाल मनीष लुहाड़िया दीपक पटौदी शुभम अग्रवाल धर्मेंद्र जैन सुरेश जैन घासी जैन श्रेयांश जैन आदि भक्तगण मौजूद रहे शास्त्री हिमांशु जैन प्रिंस जैन पुजारी राजेश जैन ने सभी कार्यक्रम संपन्न कराए शाम साढ़े 7 भक्तामर दीपअर्चना की गई ।शुक्रवार भक्तामर मंडल उनियारा द्वारा भक्तामर अनुष्ठान एवं दीप अर्चना की।














































