लोक टुडे न्यूज़ नेटवर्क
नागौर | (प्रदीप कुमार डागा) नागौर शहर के नगर सेठ बंशीवाला मंदिर में भगवान वाराह अवतार की पारंपरिक रमत का भव्य आयोजन किया गया, जिसमें बड़ी संख्या में श्रद्धालु शामिल हुए।
रमत से पूर्व युवक राक्षस रूपी मौलुटे बनकर छोटे बच्चों को डराते नजर आए। जैसे ही भगवान वाराह अवतार का प्रकट रूप मंचित हुआ, राक्षस रूपी मौलुटे मंदिर परिसर से गायब हो गए, जिसे दर्शकों ने उत्साह के साथ सराहा।
शाम के समय ढोल-नगाड़ों की गूंज के बीच भगवान वाराह का रूप धारण कर रमत की गई। इस दौरान मौसम विभाग की ओर से बारिश की चेतावनी के बावजूद रमत के बीच बारिश शुरू हो गई। श्रद्धालुओं ने इसे मानो इन्द्र देव की कृपा के रूप में देखा, जैसे वे स्वयं इस आयोजन के साक्षी बने हों।
बरसात के बावजूद मंदिर परिसर श्रद्धालुओं से खचाखच भरा रहा। लोग “जय जय जय” के जयकारों के साथ रमत का आनंद लेते रहे।
कार्यक्रम के दौरान किसी भी अप्रिय घटना से बचाव के लिए मंदिर परिसर और आसपास पुलिस प्रशासन एवं कलिका वाहिनी के स्वयंसेवक मुस्तैद रहे, जिससे आयोजन शांतिपूर्ण ढंग से सम्पन्न हुआ।