लोक टुडे न्यूज़ नेटवर्क
उनियारा (दुर्योधन मयंक)। उनियारा उपखंड के श्री दिगम्बर जैन सुखोदय अतिशय तीर्थ क्षेत्र सुथड़ा में बड़े श्रद्धा और धूमधाम के साथ 10वें तीर्थंकर भगवान शीतलनाथ का गर्भ कल्याणक महोत्सव मनाया गया।
महोत्सव का विवरण
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प्रबंध समिति अध्यक्ष: महावीर प्रसाद पराणा
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संत: सन्तु जैन
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स्थान: सुथड़ा तीर्थ क्षेत्र
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महोत्सव में शास्त्री प्रिंस जैन देवांश के निर्देशन में सर्वप्रथम मंगलाष्टक, नित्य अभिषेक और शांति धारा का आयोजन किया गया।
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तीर्थरक्षक रतनलाल, मुन्नालाल टोंक, और पुण्यार्जक रमेशचंद, रौनक सर्राफ (जयपुर), नवीन कुमार (गाजियाबाद) सहित अन्य श्रद्धालुओं ने शांतिधारा की।
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इसके बाद देव शास्त्र पूजा, चौबीस भगवान की मुलनायक पूजा और शीतलनाथ भगवान की पूजा संपन्न हुई।
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शाम 7 बजे भक्तामर दीपार्चना श्रेष्ठी परिवार एवं बुधवार भक्तामर मंडल बनेठा द्वारा सानंद संपन्न हुई।
भगवान शीतलनाथ का जीवन परिचय
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जन्म: राजा दृढ़रथ और रानी सुनंदा के यहाँ भद्रिकापुर में
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दीक्षा: माघ कृष्ण पक्ष की द्वादशी
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केवलज्ञान: पौष कृष्ण चतुर्दशी
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निर्वाण: आसोज मासे शुक्ल पक्ष अष्टमी, सम्मेद शिखर
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प्रतीक: कल्पवृक्ष
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यक्ष/यक्षिणी: ब्रह्मा एवं अशोका देवी
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भगवान शीतलनाथ ने त्याग, तपस्या और अहिंसा के मार्ग पर चलकर आत्म-ज्ञान की प्राप्ति की और मानवता को सत्य और अहिंसा के मार्ग पर चलने की प्रेरणा दी।
इस महोत्सव में तीर्थ क्षेत्र में जुटे श्रद्धालुओं ने भगवान शीतलनाथ के जीवन का स्मरण करते हुए भक्ति और आनन्द का अनुभव किया।


















































