लोक टुडे न्यूज़ नेटवर्क
पाली-सुमेरपुर क्षेत्र में खुशी की लहर
नई दिल्ली/पाली। भारतीय रेलवे यात्रियों की सुविधाओं को मजबूत करने की दिशा में रेलवे बोर्ड, भारत सरकार ने ज़ोनल रेलवे यूज़र्स कंसल्टेटिव कमेटी (ZRUCC) का पुनर्गठन किया है। इसी क्रम में राजस्थान के पाली ज़िले के सुमेरपुर तहसील निवासी महेश जोशी को नॉर्थ वेस्टर्न रेलवे के अंतर्गत विशेष रुचि श्रेणी में समिति का सदस्य मनोनीत किया गया है।
यह नियुक्ति ट्रेन सेवाओं में सुधार, स्टेशनों के आधुनिकीकरण, सुरक्षा मानकों को मजबूत करने और यात्रियों की जरूरतों के अनुरूप रेलवे सुविधाओं को विकसित करने के उद्देश्य से की गई है।
“यह सम्मान मेरे क्षेत्र की जनता का सम्मान है” — महेश जोशी
मनोनीत किए जाने पर महेश जोशी ने केंद्रीय रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव के प्रति आभार व्यक्त करते हुए कहा—
“यह मेरे जीवन का अत्यंत गौरवपूर्ण क्षण है। मैं क्षेत्र की हर रेल समस्या को प्राथमिकता से रेलवे बोर्ड तक पहुँचाकर समाधान तक पहुँचाने के लिए प्रतिबद्ध हूँ।”
उन्होंने राजस्थान के मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा और भाजपा प्रदेश अध्यक्ष व राज्यसभा सांसद मदन राठौड़ का भी धन्यवाद किया।
रेल विकास के लिए जोशी की प्राथमिकताएँ
महेश जोशी ने कहा कि वे आगामी समय में विशेष रूप से निम्न महत्वपूर्ण विषयों पर कार्य करेंगे:
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जवाई बांध (सुमेरपुर), पाली तथा आसपास के क्षेत्रों के लिए नई व अतिरिक्त ट्रेन सेवाएँ
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स्टेशन अपग्रेडेशन और यात्री सुविधाओं में व्यापक सुधार
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रेल सुरक्षा व रखरखाव के उच्च मानक सुनिश्चित करना
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स्थानीय मांगों को प्राथमिकता से रेलवे बोर्ड के समक्ष रखना
उन्होंने कहा—
“स्टेशन आधुनिकीकरण, ट्रेनों की उपलब्धता और यात्रियों की सुरक्षा मेरी सर्वोच्च प्राथमिकताएँ हैं। संपूर्ण राजस्थान के रेल यात्रियों की आवाज़ बनकर लगातार प्रयास करता रहूँगा।”
पाली-सुमेरपुर क्षेत्र में उमंग और उम्मीद
महेश जोशी के ZRUCC सदस्य बनने से सुमेरपुर और पाली क्षेत्र में उत्साह का माहौल है। स्थानीय जनप्रतिनिधियों, व्यापार मंडलों और सामाजिक संगठनों ने उम्मीद जताई है कि इस नियुक्ति से क्षेत्र के वर्षों पुराने रेल संबंधी विकास कार्यों को गति मिलेगी।
राष्ट्रीय स्तर की इस समिति में राजस्थान के सक्रिय प्रतिनिधि के रूप में जोशी का मनोनयन राज्य के रेल विकास के लिए एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है। विशेषज्ञों का मानना है कि आने वाले समय में वे रेल यात्रियों की अपेक्षाओं और रेलवे प्रशासन के बीच प्रभावी सेतु की भूमिका निभा सकते हैं।



















































