लोक टुडे न्यूज़ नेटवर्क
राजस्थान में शिक्षा के परिदृश्य में बड़ा बदलाव, ड्रॉपआउट घटा और नवाचार आधारित बजट जारी
जयपुर। मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा के नेतृत्व में राजस्थान में शिक्षा क्षेत्र में उल्लेखनीय सुधार आया है। दो वर्षों में प्रारंभिक और माध्यमिक शिक्षा में ड्रॉप आउट रेट घटकर क्रमशः 3.6 और 7.7 प्रतिशत रह गया।
बजट वर्ष 2026-27 में प्रारंभिक शिक्षा के लिए 21,646 करोड़ रुपये और माध्यमिक शिक्षा के लिए 19,473 करोड़ रुपये का प्रावधान किया गया है। टेबलेट, लैपटॉप, साइकिल और यूनिफॉर्म वितरण योजनाओं में ई-वाउचर और डीबीटी के माध्यम से विद्यार्थियों को सीधे लाभ मिलेगा।
‘स्कूल टू वर्क’ और ‘स्कूल ऑन व्हील्स’ जैसे नवाचारों से व्यावसायिक एवं समावेशी शिक्षा को बढ़ावा मिलेगा। शैक्षणिक सत्र 2025-26 में 80 लाख विद्यार्थियों को पाठ्यपुस्तकें वितरित की गईं।
इसके अलावा, 400 विद्यालयों को ‘सीएम राइज’ विद्यालयों में क्रमोन्नत किया जाएगा, एक हजार विद्यालयों में एआई आधारित पर्सनलाइज्ड लर्निंग लैब्स की स्थापना होगी और व्यावसायिक पाठ्यक्रम के लिए बजट में 51 करोड़ रुपये से अधिक का प्रावधान किया गया है।
ये कदम राज्य में गुणवत्तापूर्ण, रोजगारपरक और नवाचार आधारित शिक्षा के संतुलित विजन को साकार करने में मदद करेंगे।
















































