लोक टुडे न्युज़ नेटवर्क
गौतम शर्मा, राजसमंद।
राजसमंद। अरब सागर और बंगाल की खाड़ी में सक्रिय चक्रवातीय प्रणाली के प्रभाव से कुंवारिया क्षेत्र में पिछले दो दिनों से रिमझिम बारिश का दौर लगातार जारी है। फुहारों ने मौसम में कड़ाके की ठंड घोल दी है, जिससे कस्बे और आसपास के ग्रामीण इलाकों में लोग ठिठुरते नजर आए। लगातार बादलों की घनी चादर छाई रहने से दो दिनों से सूर्यदेव के दर्शन तक नहीं हो पाए।
दिनभर रुक-रुककर हुई बारिश के बीच लोग ऊनी सालों, कंबलों और स्वेटरों में लिपटे दिखाई दिए। कस्बे के मुख्य बाजारों और चौराहों पर कई स्थानों पर ग्रामीणों को अलाव तापते और ठंड से राहत पाने के लिए चाय की चुस्कियां लेते देखा गया। भीगे मौसम के कारण गलियों और सड़कों पर सन्नाटा सा छाया रहा, लोग अधिकतर समय घरों में दुबके रहे।
इधर बेमौसम बारिश ने किसानों की चिंता बढ़ा दी है। खेतों में कटाई कर रखी मक्का, उड़द और ज्वार जैसी खरीफ फसलें भीग गई हैं, जिससे नुकसान की आशंका गहरा गई है। हालांकि कृषि विशेषज्ञों का मानना है कि यह वर्षा रबी फसल गेहूं और चने के लिए फायदेमंद साबित हो सकती है।
लगातार हो रही हल्की बारिश और ठंडी हवाओं ने ग्रामीण अंचलों में शीत ऋतु का अहसास करा दिया है। मौसम का मिजाज पूरी तरह बदल गया है और ठंड ने अब दस्तक दे दी है।
