लोक टुडे न्यूज़ नेटवर्क
राजस्थान मंत्रिमंडल ने मंजूरी दी वाहन स्क्रैपिंग नीति और एआई नीति, रिफाइनरी लागत हुई संशोधित
जयपुर : मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा की अध्यक्षता में मंगलवार को हुई मंत्रिमंडल बैठक में प्रदेश के पर्यावरण संरक्षण, उद्योग, शिक्षा और प्रशासनिक सुधार से जुड़े कई महत्वपूर्ण निर्णय लिए गए। बैठक में राजस्थान वाहन स्क्रैपिंग नीति-2025, राजस्थान एआई-एमएल नीति-2026, ग्रीन क्रेडिट योजना, और राजस्थान रिफाइनरी की संशोधित लागत सहित कई अन्य प्रस्तावों को मंजूरी दी गई।
वैज्ञानिक तरीके से स्क्रैप होंगे वाहन
उप मुख्यमंत्री डॉ. प्रेमचंद बैरवा ने बताया कि नई राजस्थान वाहन स्क्रैपिंग नीति-2025 के तहत 15 वर्ष से अधिक पुराने, दुर्घटनाग्रस्त, क्षतिग्रस्त, अनफिट या नीलामी में खरीदे गए कबाड़ वाहन वैज्ञानिक और पर्यावरणीय मानकों के अनुरूप स्क्रैप किए जाएंगे।
पंजीकृत स्क्रैपिंग यूनिट्स (RVSF) के माध्यम से यह प्रक्रिया पारदर्शी, डिजिटल और ट्रेस योग्य होगी। स्क्रैपिंग के बाद वाहन स्वामी को सर्टिफिकेट ऑफ डिपॉजिट (COD) और सर्टिफिकेट ऑफ व्हीकल स्क्रैपिंग (CVS) जारी किए जाएंगे, जिससे नए वाहन की खरीद पर मोटर वाहन कर में 50% तक (अधिकतम 1 लाख रुपए) की छूट मिलेगी।

चैसिस नम्बर की सुरक्षित कस्टडी
स्क्रैप किए गए वाहनों का चैसिस नम्बर CVS जारी होने के छह महीने तक स्क्रैपर की सुरक्षा में रहेगा, उसके बाद इसे जिला परिवहन अधिकारी के पास 18 महीने तक सुरक्षित रखा जाएगा।
स्क्रैपिंग से प्राप्त स्टील, एल्यूमिनियम, प्लास्टिक और रबर जैसी सामग्री का पुनः उपयोग संभव होगा, जिससे ऑटोमोबाइल, स्टील और मैन्युफैक्चरिंग सेक्टर को कच्ची सामग्री सस्ती मिलेगी।
पंजीकृत स्क्रैपिंग यूनिट्स को विशेष प्रोत्साहन
प्रारंभिक 20 इकाइयों को पूंजी निवेश पर सब्सिडी, राज्य कर में छूट, ब्याज अनुदान, स्टाम्प ड्यूटी और विद्युत शुल्क में रियायत दी जाएगी। साथ ही, रिसाइक्लिंग और स्क्रैपिंग से जुड़े स्टार्टअप्स को राजस्थान स्टार्टअप पॉलिसी के तहत समर्थन मिलेगा।

राजस्थान एआई-एमएल नीति-2026
राजस्थान को एआई एवं मशीन लर्निंग का निवेश और नवाचार केंद्र बनाने के उद्देश्य से कैबिनेट ने नई नीति को मंजूरी दी। नीति का लक्ष्य है:
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सार्वजनिक सेवा वितरण में दक्षता और पारदर्शिता बढ़ाना
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एआई प्रणालियों का उत्तरदायी, नैतिक और सुरक्षित उपयोग
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डेटा सुरक्षा और साइबर सुरक्षा पर विशेष ध्यान
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स्कूल, कॉलेज, आईटीआई और पॉलिटेक्निक में एआई शिक्षा का प्रसार
राज्य में एआई सेंटर ऑफ एक्सीलेंस की स्थापना भी की जाएगी। उद्योग, स्टार्टअप्स और रिसर्च संस्थानों को टॉप-अप प्रोत्साहन दिए जाएंगे।

ग्रीन क्रेडिट योजना से सर्कुलर इकोनॉमी को बढ़ावा
जन स्वास्थ्य अभियांत्रिकी मंत्री कन्हैया लाल ने बताया कि ग्रीन क्रेडिट वाउचर इनिशिएटिव-2025 योजना स्थानीय निकायों और निवेशकों को नवीकरणीय ऊर्जा, ऊर्जा दक्षता, जल संरक्षण, वायु प्रदूषण नियंत्रण और सस्टेनेबल बिल्डिंग जैसी परियोजनाओं में निवेश के लिए प्रोत्साहित करेगी।
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1 करोड़ रुपए तक के हरित निवेश पर 5%
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10 करोड़ रुपए से अधिक निवेश पर 10% (अधिकतम 2.50 करोड़ रुपए)
राजस्थान रिफाइनरी की संशोधित लागत
संसदीय कार्यमंत्री जोगाराम पटेल ने बताया कि पचपदरा रिफाइनरी और पेट्रोकेमिकल कॉम्प्लेक्स परियोजना की संशोधित लागत अब 79,459 करोड़ रुपए हो गई है। राज्य सरकार की 26% इक्विटी हिस्सेदारी के तहत अतिरिक्त 565.24 करोड़ रुपए अंश पूंजी के रूप में प्रदान किए जाएंगे।

अन्य महत्वपूर्ण निर्णय
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राजस्थान राजस्व लेखा सेवा नियम-2025 को मंजूरी, जिससे तहसील राजस्व लेखाकारों को पदोन्नति के बेहतर अवसर मिलेंगे।
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राजस्थान विधानसभा सचिवालय नियम, 1992 में संशोधन, मार्शल पदों पर पुलिस, सैन्य और अर्द्धसैन्य अधिकारियों की नियुक्ति संभव।
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स्पेशल सिक्योरिटी विंग के कर्मचारियों का विशेष भत्ता 25% किया गया, 1 अप्रैल 2025 से लागू।
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सप्तम राज्य वित्त आयोग की अंतरिम रिपोर्ट को भी अनुमोदित किया गया।
मंत्रिमंडल की यह बैठक राज्य में पर्यावरण संरक्षण, डिजिटल नवाचार और आर्थिक विकास के लिए मील का पत्थर साबित होगी।











































