लोक टुडे न्यूज नेटवर्क
मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा की उपस्थिति में हुआ समझौता; जयपुर बनेगा कॉन्फ्रेंस टूरिज्म का वैश्विक केन्द्र
जयपुर । मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा की गरिमामयी उपस्थिति में बुधवार को मुख्यमंत्री कार्यालय में नेशनल बिल्डिंग कंस्ट्रक्शन कॉरपोरेशन (एनबीसीसी) और राजस्थान औद्योगिक विकास एवं निवेश निगम (रीको) के बीच राजस्थान मण्डपम एवं संबंधित परियोजनाओं के निर्माण हेतु एमओयू का आदान-प्रदान हुआ।
इस समझौते के अंतर्गत जयपुर के बी-2 बाइपास क्षेत्र में रीको की भूमि पर विश्वस्तरीय सुविधाओं का विकास किया जाएगा। परियोजना में राजस्थान मण्डपम, ग्लोबल कैपेबिलिटी सेंटर, आईटी टावर, 5-स्टार और 4-स्टार होटल, साथ ही आवासीय एवं वाणिज्यिक टावरों का निर्माण शामिल है।
मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने कहा कि प्रस्तावित राजस्थान मण्डपम जयपुर को राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय सम्मेलन, सेमिनार और प्रदर्शनियों के लिए बेहतरीन गंतव्य बनाएगा। इसमें छोटे से लेकर बड़े आयोजनों तक के लिए आवश्यक सुविधाओं का निर्माण किया जाएगा।
उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के ‘विकास के साथ विरासत भी’ के संकल्प को ध्यान में रखते हुए राजस्थान मण्डपम में प्रदेश की समृद्ध विरासत को हाईटेक सुविधाओं के साथ जोड़ा जाएगा। यह स्थल सांस्कृतिक गतिविधियों, पर्यटन और स्थानीय कला को बढ़ावा देने का प्रमुख केंद्र बनेगा। मुख्यमंत्री ने आशा व्यक्त की कि राजस्थान मण्डपम के माध्यम से जयपुर कॉन्फ्रेंस टूरिज्म में वैश्विक पहचान बनाएगा।
उद्योग एवं वाणिज्य मंत्री कर्नल राज्यवर्धन सिंह राठौड़ ने इसे जयपुर के लिए एक ऐतिहासिक पहल बताते हुए कहा कि यह परियोजना आयोजन स्थल के रूप में जयपुर को विश्वस्तरीय केन्द्र बनाने की दिशा में मील का पत्थर साबित होगी।
विरासत से विकास की थीम पर बनेगा राजस्थान मण्डपम
मुख्यमंत्री ने परियोजना की डिज़ाइन का अवलोकन करते हुए कहा कि प्रदेश की विरासत से प्रेरणा लेकर निर्माण में रखरखाव और पर्यावरणीय पहलुओं को विशेष रूप से शामिल किया जाएगा। परियोजना में कॉन्फ्रेंस हॉल, एक्सपो हॉल, वाणिज्यिक केन्द्र जैसी सुविधाओं के साथ आधुनिक तकनीक का उपयोग कर राजस्थान की कला और संस्कृति को प्रदर्शित किया जाएगा।
इस अवसर पर मुख्य सचिव सुधांश पंत, मुख्यमंत्री के अतिरिक्त मुख्य सचिव एवं रीको अध्यक्ष शिखर अग्रवाल, एनबीसीसी के सीएमडी के.पी. महादेवास्वामी सहित रीको और संबंधित विभागों के वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे।















































