लोक टुडे न्यूज़ नेटवर्क
राजस्थान से वरिष्ठ संवाददाता : नितिन मेहरा
मृतकों का आंकड़ा 900 पार
(नेपाल) काठमांडू। नेपाल में आई भीषण जल-प्रलय को बीते कई दिन हो चुके हैं, लेकिन इसके पीछे छूटे बर्बादी के निशान आज भी रोंगटे खड़े कर देने वाले हैं। देश के प्रभावित हिस्सों में राहत और बचाव दल मलबे के पहाड़ों को हटाकर जिंदगी और अपनों के अवशेष तलाशने में पूरी ताकत से जुटे हैं। डराने वाली बात यह है कि अभी भी करीब 4,000 नागरिकों का कोई सुराग नहीं मिल सका है।इस प्राकृतिक आपदा में अब तक मरने वालों की संख्या 939 तक पहुंच गई है।
इसी बीच, मंगलवार को नुवाकोट जिले से आपदा की एक ऐसी खौफनाक तस्वीर सामने आई, जिसने राहत कर्मियों को भी स्तब्ध कर दिया।एक ही छत के नीचे खत्म हो गया पूरा कुनबाभोटे कोशी नदी में आई बाढ़ से तबाह हुए बिदुर नगरपालिका-10 (वेत्रवंती) इलाके में जब रेस्क्यू टीम ने एक जमींदोज हो चुके घर का मलबा हटाया, तो वहां से एक-एक कर 24 लाशें बाहर आईं। स्थानीय पुलिस प्रमुख (एसपी) बिपिन रेग्मी ने बताया कि इन अभागे पीड़ितों में 13 महिलाएं, 11 पुरुष और एक मासूम बच्चा शामिल है। आशंका जताई जा रही है कि बाढ़ के वक्त यह पूरा परिवार या समूह सुरक्षित ठिकाने की तलाश में एक ही जगह फंसा रह गया था।शवों की पहचान के प्रयास जारीमलबे से निकाले गए इन शवों की हालत ऐसी नहीं है कि तुरंत उनकी शिनाख्त की जा सके। कानूनी प्रक्रियाओं और पोस्टमार्टम के लिए इन सभी को काठमांडू स्थित त्रिभुवन यूनिवर्सिटी टीचिंग हॉस्पिटल (TUTH) भेजा गया है। प्रशासन डीएनए और अन्य माध्यमों से इनकी पहचान स्थापित करने की कोशिश कर रहा है।
