
राजसमंद। ( गौतम शर्मा वरिष्ठ संवाददाता ) राजसमंद के खमनोर थाना क्षेत्र की सायो का खेड़ा पंचायत के चिकलवास गाँव में देर रात एक बड़ा हादसा हो गया। सामुदायिक भवन की छत गिरने से उसके मलबे में दबकर चार मजदूरों की मौके पर ही दर्दनाक मौत हो गई, जबकि 9 मजदूर गंभीर रूप से घायल हो गए। घटना की सूचना के बाद राजसमंद डॉ कलेक्टर भंवरलाल और एसपी मनीष त्रिपाठी सहित चिकित्सा विभाग एवं स्थानीय प्रशासन ने मौके पर डटा रहा। सभी लोग एक ही बस्ती के हैं। करीब 5 घंटे के रेस्क्यू ऑपरेशन के बाद मंगलवार सुबह मलबे में दबे 9 और मजदूरों को बाहर निकाला गया है। सभी की हालत गंभीर है। जिले में खमनोर थाना क्षेत्र के सांयों का खेड़ा पंचायत के चिकलवास के बलाई बस्ती में निर्माणाधीन धर्मशाला की छत ढहने से 13 लोग दब गए। हादसे के बाद जिला कलेक्टर डॉ. भंवरलाल व एसपी मनीष त्रिपाठी मौके पर पहुंचे. पांच घंटे तक चले रेस्क्यू अभियान के बाद 9 घायलों को और 4 लोगों के शवों को बाहर निकाला गया घटना के बाद गांव में कोहराम मच गया और पूरा गांव रातभर जागता रहा।
डॉ. भंवरलाल ने बताया कि चिकलवास गांव में मेघवाल समाज की ओर से जनसहयोग से धर्मशाला का निर्माण करवाया जा रहा था।. सोमवार दिन में छत के नीचे से बांस की बल्लियों को हटाया गया और उसके बाद सोमवार रात 9 बजे गांव के लोग निर्माणाधीन धर्मशाला की साफ-सफाई व रंग रोगन के लिए गए, तभी ठीक 9.30 बजे छत भरभराकर नीचे गिर पड़ी. साफ सफाई का कार्य कर रहे 13 लोग उसके नीचे दब गए. आस-पास कोई घर भी नहीं था। बाद में छत के नीचे दबे वार्डपंच हीरालाल ने मोबाइल से कॉल कर गांव में हादसे की सूचना दी। बाद में गांव से बड़ी तादाद में ग्रामीण पहुंचे। इसके बाद खमनोर थाना प्रभारी भगवानसिंह, नाथद्वारा डीएसपी दिनेश सुखवाल म जाब्ते के घटना स्थल पर पहुंच गए। एसडीआरएफ की टीम, सिविल डिफेंस के जवानों को बुला कर रेस्क्यू करवाया गया। मलबा हटवाने के लिए आधा दर्जन से ज्यादा जेसीबी मंगवाई गई और छत को तोड़ने के लिए ड्रीलिंग मशीन मंगवाई गई। तब जाकर रेस्क्यू किया गया


















































