लोक टुडे न्यूज़ नेटवर्क
लग्न पत्र लिखकर समारोह की औपचारिक शुरुआत, तीन जिलों के जोड़ों का विवाह होगा
भीलवाड़ा | सत्यनारायण सेन गुरला
भीलवाड़ा | बसंत पंचमी के पावन अवसर पर सेन समाज द्वारा आयोजित सामूहिक विवाह सम्मेलन का आयोजन प्रारंभ हुआ। शनिवार को इस कार्यक्रम की औपचारिक शुरुआत भीलवाड़ा के प्रसिद्ध धार्मिक स्थल हरनी महादेव में हुई, जहां 43 कन्याओं के लग्न पत्र लिखकर विवाह सम्मेलन की प्रक्रिया शुरू की गई।
सेन समाज सामूहिक विवाह समिति के मीडिया प्रवक्ता दिनेश सेन ऊपरेड़ा ने बताया कि समारोह में समाज के सभी सदस्यों की उपस्थिति में सेन जी महाराज और नारायणी माता की प्रतिमा पर माल्यार्पण और दीप प्रज्वलन कर कार्यक्रम की शुरुआत की गई।
विवाह सम्मेलन का महत्व और प्रक्रिया
आयोजन संचालक नरेश सईंवाल ने बताया कि यह 9वां सामूहिक विवाह सम्मेलन है, जिसमें भीलवाड़ा सहित तीन जिलों से जोड़े शामिल होंगे। विवाह समारोह में वर और वधु पक्ष के परिजन उपस्थित रहे। गुरुकुल वेद विद्यालय के पंडित मुरलीधर ने विधिवत तरीके से विनायक स्थापना की और लग्न पत्र वधु पक्ष के परिजनों को समिति के सदस्यों द्वारा सौंपे गए।
समिति के कोषाध्यक्ष गोपी लाल सेन नया समेलिया ने सभी भामाशाहों और समाज के सदस्यों का सम्मान करते हुए धन्यवाद किया, जिन्होंने कन्या दान में सहयोग किया।
समिति सचिव बाबू लाल चाखेड़ ने बताया कि कुछ जोड़े अभी भी विवाह सम्मेलन में शामिल हो सकते हैं, इसलिए आयोजनों की तैयारी में विस्तार किया जा रहा है। कार्यकारी अध्यक्ष रतन सेन भादू ने समाज के सदस्यों से अपील की कि वे आयोजन में सक्रिय भाग लें और इसे सफल बनाने में सहयोग करें।
समाजजनों की सहभागिता और सहयोग
कार्यक्रम की अध्यक्षता करते हुए सुरेश सेन कटार ने पिछले विवाह सम्मेलनों की सफलता पर समाजजनों को धन्यवाद दिया और सभी से अनुरोध किया कि वे सहयोग जारी रखें।
इस अवसर पर प्रमुख रूप से उपस्थित थे:
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राष्ट्रीय नाई महासभा के कार्यकारी अध्यक्ष मनोहर सेन ऊपरेड़ा
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सेन उद्योग व्यापार मंडल के अध्यक्ष मनोहर सेन सांगानेर
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ओम प्रकाश सेन संगम जिला अध्यक्ष
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सेन समाज नवयुवक मंडल
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सेन युवा एकता मंच विकास सेन, प्रदेश अध्यक्ष दिनेश सेन कांदा
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सत्यनारायण सेन गुरला
साथ ही समिति के कई सदस्य और वरिष्ठ समाजजन भी मौजूद थे।
सम्मेलन के माध्यम से सेन समाज ने समाज के कन्यादान की परंपरा को प्रोत्साहित करते हुए सामाजिक एकता और सहयोग का संदेश दिया।











































