नरेश मीणा को रिहाई को लेकर समर्थकों ने सौंपा ज्ञापन

0
281
- Advertisement -

लोक टुडे न्यूज नेटवर्क

उनियारा (सत्यप्रकाश मयंक)।
झालावाड़ जिले के मनोहरथाना क्षेत्र के पिपलादी गांव में 25 जुलाई को राजकीय प्राथमिक विद्यालय की छत गिरने से सात मासूम बच्चों की मौत और 20 से अधिक के घायल होने की घटना के बाद पूरे क्षेत्र में शोक और आक्रोश का माहौल है।इस बीच जननेता नरेश मीणा, जो ‘जनक्रांति रैली’ निकाल रहे थे, हादसे की सूचना मिलते ही रैली स्थगित कर पीड़ितों से मिलने रवाना हुए, लेकिन पुलिस ने उन्हें अकलेरा टोल प्लाजा पर ही रोक दिया।

बाद में वे झालावाड़ के एसआरजी अस्पताल पहुंचे और शांतिपूर्ण धरने में शामिल हुए।नरेश मीणा के समर्थकों का कहना है कि उन्होंने किसी प्रकार की आपातकालीन सेवा में बाधा नहीं पहुंचाई, जबकि मौके पर भाजपा के पूर्व जिलाध्यक्ष संजय जैन ताऊ व अन्य नेताओं की मौजूदगी से स्थिति तनावपूर्ण हुई।इसके बाद पुलिस ने नरेश मीणा व उनके साथियों को बलपूर्वक हिरासत में ले लिया।इस गिरफ्तारी के विरोध में नरेश मीणा समर्थकों और ग्रामीणों ने राष्ट्रपति, गृहमंत्री और मुख्यमंत्री के नाम उपखंड अधिकारी कार्यालय में एस डी ओ के प्रतिनिधि अलीगढ़ नायब तहसीलदार धर्मेंद्र तसेरा को ज्ञापन सौंपा। ज्ञापन में गिरफ्तारी को राजनीति से प्रेरित बताया गया और झूठे आरोपों की जांच की मांग की गई।

ज्ञापन में कहा गया है कि झालावाड़ जिले के पिपलादी गांव हादसे की उच्च स्तरीय न्यायिक जांच की जाए,राज्य की सभी शैक्षणिक संस्थाओं की इमारतों की गुणवत्ता की व्यापक समीक्षा।मृतकों के परिजनों को ₹1 करोड़ और घायलों को ₹50 लाख मुआवजा।पीड़ित परिवारों के एक सदस्य को सरकारी नौकरी।भाजपा नेताओं पर आपातकालीन सेवाओं में बाधा डालने का मामला दर्ज किया जाए।शांतिपूर्ण विरोध व अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता की रक्षा की जाए।ज्ञापन देने वालों में राहुल शर्मा, शिव नारायण मीणा, देशराज धारोला, मेघराज मीणा, मिठालाल मीणा, ओमप्रकाश मीणा, रामधन, रामप्रसाद प्रधान मीणा, पीताराम मीणा सहित बड़ी संख्या में ग्रामीण एवं जनप्रतिनिधि शामिल रहे।

- Advertisement -

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here