लोक टुडे न्यूज़ नेटवर्क
10 करोड़ पौधारोपण का लक्ष्य तय
जयपुर। मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने वन एवं पर्यावरण विभाग की समीक्षा बैठक में कहा कि राज्य सरकार का प्रमुख लक्ष्य राजस्थान को ‘हरियालो राजस्थान’ बनाना है। इसके तहत आगामी मानसून सीजन में 10 करोड़ पौधारोपण करने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है।
मानसून से पहले तैयारियां पूरी करने के निर्देश
मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि मानसून से पहले पौधारोपण से जुड़ी सभी तैयारियां—जैसे स्थान चयन, गड्ढे खुदाई, फेंसिंग आदि—समय पर पूरी कर ली जाएं। उन्होंने कहा कि इस अभियान की नियमित मॉनिटरिंग मुख्य सचिव स्तर पर की जाएगी।
विभिन्न विभागों की भागीदारी पर जोर
उन्होंने कहा कि वन विभाग के साथ-साथ अन्य विभागों की सहभागिता भी जरूरी है। रेलवे परिसंपत्तियों, प्रमुख सड़कों और चारागाह भूमि पर भी वृक्षारोपण की कार्ययोजना तैयार की जाए।
‘नमो वन’ और ‘नमो नर्सरी’ को गति
मुख्यमंत्री ने नमो वन और नमो नर्सरी के कार्यों को तेजी से आगे बढ़ाने के निर्देश दिए। साथ ही हर जिले में एक नमो नर्सरी और प्रत्येक पंचायत समिति स्तर पर नमो वन विकसित करने की योजना पर जोर दिया।
चंदन वन और विशेष पहल
बैठक में चंदन वन की स्थापना कार्यवाही को शीघ्र पूर्ण करने के निर्देश दिए गए। उदयपुर, सिरोही और बांसवाड़ा में चिन्हित स्थानों पर चंदन वन विकसित किया जाएगा।
गूलर और फलदार पौधों पर फोकस
मुख्यमंत्री ने मिशन ‘हरियालो राजस्थान’ के तहत गूलर के वृक्षारोपण को प्राथमिकता देने और किसानों को फलदार पौधे उपलब्ध कराने के निर्देश दिए।
तकनीक का उपयोग
उन्होंने पहाड़ी और वन क्षेत्रों में ड्रोन सीडिंग तकनीक अपनाने तथा अभयारण्यों में भी वृक्षारोपण को बढ़ावा देने की बात कही।
लक्ष्य और उपलब्धियां
बैठक में बताया गया कि 2024 से 2028 तक 50 करोड़ पौधारोपण का लक्ष्य रखा गया है। वर्ष 2024 में 7 करोड़ के लक्ष्य के मुकाबले 7.22 करोड़ पौधे लगाए गए, जबकि 2025 में 10 करोड़ के लक्ष्य के विरुद्ध अब तक 11.74 करोड़ से अधिक पौधारोपण किया जा चुका है।
बैठक में वन एवं पर्यावरण मंत्री संजय शर्मा सहित वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे।


















































