Home accident महिला पर जंगली जानवर का हमला, वन विभाग ने हायना होने की...

महिला पर जंगली जानवर का हमला, वन विभाग ने हायना होने की जताई संभावना

0

लोक टुडे न्यूज़ नेटवर्क

भरतपुर। जिले के रूपवास क्षेत्र में एक महिला पर जंगली जानवर के हमले के बाद ग्रामीणों में दहशत का माहौल है। घटना रूपवास थाना क्षेत्र के चक सामरी गांव की है, जहां देर रात शौच के लिए घर से बाहर गई महिला पर किसी वन्यजीव ने हमला कर दिया। हालांकि वन विभाग की प्रारंभिक जांच में इसे लेपर्ड नहीं, बल्कि लकड़बग्घे (हायना) का हमला होने की अधिक संभावना जताई गई है।

शौच के लिए बाहर गई महिला पर हमला

जानकारी के अनुसार चक सामरी निवासी गुड्डी पत्नी जगदीश देर रात घर से बाहर शौच के लिए गई थीं। इसी दौरान झाड़ियों में छिपे किसी जंगली जानवर ने उन पर हमला कर दिया। महिला के शोर मचाने पर आसपास के ग्रामीण मौके पर पहुंचे, जिसके बाद जानवर वहां से भाग गया।

घायल महिला को तत्काल उपचार के लिए उप जिला अस्पताल रूपवास ले जाया गया, जहां प्राथमिक उपचार के बाद उसे घर भेज दिया गया। चिकित्सकों के अनुसार महिला को मामूली चोटें आई हैं और उसकी हालत खतरे से बाहर है।

ग्रामीणों ने जताई लेपर्ड की आशंका

घटना के बाद ग्रामीणों ने आशंका जताई कि हमला लेपर्ड ने किया है। ग्रामीणों का कहना है कि कुछ दिन पहले घाटौली की पहाड़ियों में भी एक लेपर्ड देखे जाने की सूचना मिली थी। उनका मानना है कि पहाड़ी क्षेत्रों से होकर वन्यजीव खनन क्षेत्रों और आसपास के गांवों तक पहुंच रहा है।

ग्रामीणों ने वन विभाग से क्षेत्र में गश्त बढ़ाने और लोगों की सुरक्षा सुनिश्चित करने की मांग की है। गांव के सरपंच रोहतम सिंह ने भी अधिकारियों को घटना की जानकारी देकर आवश्यक कार्रवाई की मांग की है।

वन विभाग ने हायना होने की संभावना बताई

वन विभाग के सहायक वन संरक्षक (ACF) सुरेश चौधरी ने बताया कि घटना की जांच के लिए क्षेत्रीय वन अधिकारी को मौके पर भेजा गया था। महिला के बयान और घटनास्थल के निरीक्षण के आधार पर फिलहाल लेपर्ड की बजाय लकड़बग्घे (हायना) के हमले की संभावना अधिक प्रतीत हो रही है।

उन्होंने बताया कि महिला को केवल नाखूनों से हल्की खरोंच आई है तथा पगमार्क और अन्य भौतिक साक्ष्यों के आधार पर भी हायना की मौजूदगी के संकेत मिले हैं।

वन विभाग ने बढ़ाई निगरानी

वन विभाग ने ग्रामीणों से सतर्क रहने की अपील करते हुए कहा है कि किसी भी वन्यजीव की गतिविधि दिखाई देने पर तुरंत विभाग को सूचना दें। विभाग द्वारा संवेदनशील क्षेत्रों में पिंजरे लगाए जा रहे हैं और जरूरत के अनुसार उनकी लोकेशन बदली जा रही है।

अधिकारियों के अनुसार यदि संबंधित वन्यजीव पिंजरे में कैद होता है तो उसे सुरक्षित वन क्षेत्र में छोड़ा जाएगा। फिलहाल वन विभाग की टीम क्षेत्र में लगातार निगरानी कर रही है और वन्यजीव की गतिविधियों पर नजर रखी जा रही है।

NO COMMENTS

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

Exit mobile version