लोक टुडे न्यूज़ नेटवर्क
जयपुर | रूपनारायण सांवरिया
भारतीय जनता पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष एवं राज्यसभा सांसद मदन राठौड़ ने कहा है कि भाजपा राजस्थान को विकसित राज्य और भारत को आत्मनिर्भर राष्ट्र बनाने के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है। उन्होंने अंग्रेजी कैलेंडर के प्रथम दिन प्रदेशवासियों को नववर्ष की शुभकामनाएं देते हुए कहा कि नया वर्ष विकास, समृद्धि और आत्मनिर्भरता के संकल्प के साथ आगे बढ़ने का अवसर है।
मीडिया से बातचीत में मदन राठौड़ ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में वर्ष 2025 में भारत की वैश्विक प्रतिष्ठा और सुदृढ़ हुई है। भारत आज विश्व की चौथी सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था बन चुका है और आत्मनिर्भर भारत की दिशा में निरंतर प्रगति कर रहा है। उन्होंने कहा कि अंतरिक्ष सहित कई क्षेत्रों में भारत ने वैश्विक प्रतिस्पर्धा में ऐतिहासिक उपलब्धियां हासिल की हैं।
राजस्थान में भाजपा सरकार के ऐतिहासिक निर्णय
भाजपा प्रदेश अध्यक्ष ने कहा कि मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा के नेतृत्व में राजस्थान में बनी भाजपा सरकार ने अल्प समय में कई महत्वपूर्ण और ऐतिहासिक निर्णय लिए हैं। जल प्रबंधन, बिजली आपूर्ति, रोजगार सृजन, आधारभूत ढांचे के विकास और किसानों के सशक्तिकरण के क्षेत्र में सरकार ने ठोस कदम उठाए हैं।
उन्होंने कहा कि सोलर ऊर्जा के माध्यम से किसानों को दिन में बिजली उपलब्ध कराने की योजना से कृषि के साथ-साथ औद्योगिक विकास को भी गति मिलेगी। इससे राजस्थान को समृद्ध और विकसित राज्य बनाने का लक्ष्य साकार होगा।
विपक्ष पर निशाना
मदन राठौड़ ने विपक्ष पर कटाक्ष करते हुए कहा कि विपक्षी दलों में आज आपसी कलह और फूट स्पष्ट रूप से दिखाई दे रही है। इसी कारण जनता का विश्वास लगातार भाजपा पर बढ़ रहा है और लोग बड़ी संख्या में पार्टी से जुड़ रहे हैं।
राजस्थान रिफाइनरी पर कांग्रेस को घेरा
राजस्थान रिफाइनरी परियोजना को लेकर राठौड़ ने कहा कि इसकी प्रक्रिया वसुंधरा राजे सरकार के कार्यकाल में शुरू हुई थी। कांग्रेस सरकार ने सितंबर 2013 में ऐसा एमओयू किया, जिसमें राज्य सरकार को 15 वर्षों तक बिना ब्याज प्रतिवर्ष 3871 करोड़ रुपये देने थे और 15 वर्ष बाद केवल 26 प्रतिशत हिस्सेदारी मिलनी थी, जो राज्य के लिए अत्यधिक आर्थिक बोझ वाला था।
उन्होंने बताया कि वर्ष 2017 में भाजपा सरकार ने एचपीसीएल के साथ नया एमओयू किया, जिसके तहत राज्य सरकार प्रतिवर्ष लगभग 1100 करोड़ रुपये देगी, उस पर ब्याज भी मिलेगा और राज्य की हिस्सेदारी भी सुनिश्चित हुई। कांग्रेस के मॉडल में जहां 15 वर्षों में लगभग 56 हजार करोड़ रुपये का भार पड़ता, वहीं भाजपा सरकार ने इसे घटाकर 16,845 करोड़ रुपये कर दिया, जिससे राज्य को करीब 39,328 करोड़ रुपये की बचत हुई।
राठौड़ ने आरोप लगाया कि पूर्व मुख्यमंत्री अशोक गहलोत के कार्यकाल में वर्ष 2023 में रिफाइनरी परियोजना की लागत बढ़ाकर 79,459 करोड़ रुपये कर दी गई। उन्होंने कहा कि वर्तमान भजनलाल शर्मा सरकार यह सुनिश्चित कर रही है कि राजस्थान के हितों के साथ कोई समझौता न हो।
अंत में उन्होंने कहा कि भाजपा सरकार ने हमेशा राजस्थान के हितों को सर्वोपरि रखा है, जबकि कांग्रेस ने “बंदरबांट की राजनीति” को बढ़ावा दिया। जनता के सामने यह सच्चाई लाना आवश्यक है।