लोक टुडे न्युज़ नेटवर्क
गौतम शर्मा
जल संरक्षण के तहत हुए कार्यो ने बदली गांव की तस्वीर,
पंचायत मैं भूजल स्तर सुधारने के लिए बनाए गए 11 एनीकट और चेक डैम,
हजारों उपयोगी औषधीय वृक्ष ऑन को लगाकर बनाया जा रहा हरा भरा,
आने वाले मानसून में मिल सकेगा बड़ा फायदा,
राजसमन्द। केंद्र सरकार द्वारा चलाए जा रहे बंदे गंगा जल संरक्षण अभियान से देश में जल संकट को दूर करने का प्रयास किया जा रहा है। राजसमंद के आमेट उपखंड की जिलोला पंचायत के भादला गांव में जल संरक्षण के तहत हुए कार्य अन्य पंचायत के लिए भी एक मिसाल पेश करते हैं। इस पंचायत में बतौर प्रशासक काम कर रहे हैं पूर्व सरपंच रामलाल गुर्जर और जिला परिषद की टीम द्वारा की गई मेहनत रंग लाने लगी है। पंचायत में भुजलस्तर को बढ़ाने के प्रयास में करीब 11 एनिकट का निर्माण करवाया गया है जो सिंचाई विभाग और पंचायती राज के अधीन आते हैं।
इस गांव में पहले बरसाती पानी बहकर आगे चला जाता था। लेकिन ये 11 एनीकट और चेक डैम बन जाने के बाद यहां बड़ी मात्रा में पानी को रोका जा सकेगा। जिससे ज़मीन का जलस्तर भी बड़ेगा और आसपास के खेतों में भी हरियाली रहेगी। सरकारी और चारागाह भूमि पर बनाए गए इन एनीकटो मैं बरसाती पानी जमा होगा और प्यासी धरती की नमी को बढ़ाएगा। पंचायत में प्रशासक के तौर पर काम कर रहे रामलाल गुर्जर का कहना है कि मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा के दिशा निर्देश और ग्रामीणों के इन प्रयासों के बाद अब किसानो की आस आने वाले मानसून पर है जिसके बाद यहां हरियाली ही हरियाली होगी।

















































