Home education अभावों को मात देकर अजमेर की बेटियों ने रचा इतिहास, 12वीं बोर्ड...

अभावों को मात देकर अजमेर की बेटियों ने रचा इतिहास, 12वीं बोर्ड में शानदार प्रदर्शन

0

लोक टुडे न्यूज़ नेटवर्क

अजमेर (नितिन मेहरा)। राजस्थान माध्यमिक शिक्षा बोर्ड (RBSE) 12वीं परिणाम में अजमेर जिले की बेटियों ने अपने जज्बे और मेहनत से सफलता की नई मिसाल पेश की है। आर्थिक तंगी और सीमित संसाधनों के बावजूद इन छात्राओं ने उत्कृष्ट अंक प्राप्त कर पूरे क्षेत्र का नाम रोशन किया है।

ट्रक ड्राइवर की बेटी अमृता सैनी का कमाल

किशनगढ़ के सिलोरा गांव की अमृता सैनी ने कला वर्ग में 98.40% अंक हासिल किए हैं। उनके पिता ट्रक ड्राइवर हैं और अक्सर घर से दूर रहते हैं। साधारण पृष्ठभूमि से आने वाली अमृता ने अपनी मेहनत से यह उपलब्धि हासिल की।

रोज 4 किमी पैदल चलकर स्कूल जाने वाली अंबिका

पुष्कर क्षेत्र के कड़ेल गांव की अंबिका राठौड़ ने विज्ञान वर्ग में 96.40% अंक प्राप्त किए। उनके पिता नमक फैक्ट्री में कार्यरत हैं। अंबिका रोजाना 4 किलोमीटर पैदल चलकर स्कूल जाती थीं, लेकिन उन्होंने कभी पढ़ाई से समझौता नहीं किया।

मजदूर की बेटी प्रीति कुमावत ने बढ़ाया मान

किशनगढ़ के सिलोरा की प्रीति कुमावत ने कला वर्ग में 98.20% अंक प्राप्त किए। उनके पिता मजदूरी कर परिवार चलाते हैं। कठिन परिस्थितियों के बावजूद प्रीति ने शानदार प्रदर्शन किया।

किसान की बेटी कविता भड़ाना की सफलता

राजकीय बालिका उच्च माध्यमिक विद्यालय लीड़ी की कविता भड़ाना ने कला वर्ग में 95.60% अंक हासिल किए। किसान परिवार से आने वाली कविता ने पढ़ाई के साथ घर की जिम्मेदारियों को भी संतुलित किया।

इन छात्राओं की सफलता ने यह साबित कर दिया है कि परिस्थितियां चाहे जैसी भी हों, मेहनत और लगन से बड़े लक्ष्य हासिल किए जा सकते हैं।

NO COMMENTS

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

Exit mobile version