लोक टुडे न्यूज नेटवर्क
भरतपुर। एक पृथ्वी एक स्वास्थ्य थीम पर जिलेभर में 11वां अन्तर्राष्ट्रीय योग दिवस शनिवार को पर्यटन एवं धार्मिक स्थलों पर प्रातः 6 बजे से 8 बजे तक योगाभ्यास कर मनाया जायेगा। जिला स्तरीय समारोह विश्व प्रिय शास्त्री पार्क में होगा जिसमें विशेषज्ञ प्रोटोकॉल के अनुसार योगाभ्यास करायेंगे। कार्यक्रम में जल संसाधन एवं जिला प्रभारी मंत्री सुरेश सिंह रावत मुख्य अतिथि के रूप में शिरकत करेंगे।
जिला प्रशासन एवं आयुर्वेद विभाग के द्वारा आयोजित योगाभ्यास में विश्व प्रिय शास्त्री पार्क में आमजन भी भाग ले सकेंगे। जिला कलक्टर डॉ. अमित यादव द्वारा जारी आदेशानुसार कार्यक्रम के सफल क्रियान्वयन हेतु नोडल अधिकारी नियुक्त कर दायित्व सौंपे गये हैं। ब्लॉक एवं पंचायत स्तर के कार्मिक अपने क्षेत्रीय योग कार्यक्रम स्थल में भाग लेंगे। उन्होंने आमजन से अपील की है कि जिले में आयोजित होने वाले योगाभ्यास कार्यक्रमों में अधिकाधिक जुडकर लाभ उठायें।
अतिरिक्त कलक्टर शहर एवं जिला नोडल अधिकारी अन्तर्राष्ट्रीय योग दिवस राहुल सैनी ने बताया कि मुख्य जिला स्तरीय कार्यक्रम शनिवार को प्रातः 6 बजे से 8 बजे तक विश्व प्रिय शास्त्री पार्क में योगाभ्यास कर मनाया जायेगा। उन्होंने बताया कि प्रातः 6ः30 बजे माननीय प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी का संबोधन, 7 बजे से 7ः45 बजे तक योगक्रियायें एवं 7ः45 से 8 बजे तक अतिथि द्वारा संबोधन कार्यक्रम होगा। उन्होंने बताया कि जिले के प्रमुख धार्मिक एवं पर्यटन स्थलों को सम्मिलित करते हुये केवलादेव राष्ट्रीस उद्यान, गंगा मंदिर, किशोरी महल, गौरव बेटी पार्क, लोहागढ स्टेडियम परिसर स्थित मल्टी परपज हॉल, अपना घर आश्रम बझेरा में भी योगाभ्यास कर योग दिवस मनाया जायेगा। उन्होंने बताया कि पंचायत एवं उपखण्ड स्तर पर भी पर्यटन एवं धार्मिक स्थलों पर योग दिवस समारोह पूर्वक मनाया जायेगा।
आयुर्वेद उप निदेशक एवं योग प्रभारी डॉ. इन्दु शर्मा ने बताया कि सामान्य योगाभ्यास कार्यक्रम 45 मिनट का रहेगा जिसमें 2 मिनट प्रार्थना, 6 मिनट चालन क्रियाएं, 18 मिनट योगासन, 3 मिनट कपालभाती, 6 मिनट प्रणायाम, 8 मिनट ध्यान एवं 2 मिनट संकल्प किया जायेगा। अन्त में शांति पाठ के साथ कार्यक्रम का समापन होगा।
ये 33 योगक्रियाएं करायी जायेंगी
योगाभ्यास के दौरान ताडासन, वृक्षासन, पादहस्तासन, अर्द्धवक्रासन, त्रिकोणासन, भद्रासन, वज्रासन, अर्द्धउष्ट्रासन, उष्ट्रासन, शशांकासन, उत्तानमंडूकासन, वक्रासन, मकरासन, भुजंगासन, शलभासन, सेतूवंधासन, उत्तानपादासन, अर्द्धहलासन, पवनमुक्तासन, शवासन, नाडी शोधन, अनुलोम विलोम, शीतली, भ्रामरी सहित अन्य योगक्रियाएं करायी जायेंगी।












































