लोक टुडे न्यूज नेटवर्क
जोधपुर – जोधपुर के खारी भवाद, विनायकपुर, देवताओं की ढाणी और बावड़ी क्षेत्र में सोलर कंपनियों द्वारा अवैध खेजड़ी कटाई और लापरवाही पूर्ण कार्य से गौ माता के घायल होने की घटना को लेकर आज बिश्नोई टाइगर फोर्स के तत्वावधान में सैकड़ों पर्यावरण प्रेमियों ने कलेक्ट्रेट पर धरना दिया। इसके बाद मुख्यमंत्री और जिला कलेक्टर के नाम अलग-अलग ज्ञापन सौंपे गए।
धरना स्थल पर संत समाज, महिलाएँ और स्थानीय नागरिक बड़ी संख्या में उपस्थित रहे। बिश्नोई समाज सहित 36 काम के पर्यावरण प्रेमियों ने भाग लेकर सोलर परियोजना के खिलाफ कड़ा विरोध दर्ज कराया। प्रदर्शनकारियों ने आरोप लगाया कि सोलर प्लांट में स्थानीय विधायक भैराराम चौधरी की भागीदारी है और उनके निर्देश पर जिला प्रशासन व पुलिस प्रशासन पर्यावरण प्रेमियों के खिलाफ झूठे मुकदमे दर्ज कर उन्हें दबाने का प्रयास कर रहा है।
पर्यावरण प्रेमियों ने राज्य सरकार पर कथनी और करनी में फर्क का आरोप लगाते हुए कहा कि मुख्यमंत्री से मिलने पर उन्हें आश्वासन दिया गया था कि जनप्रतिनिधियों और प्रशासनिक अधिकारियों के खिलाफ कठोर कार्रवाई की जाएगी और पर्यावरण संरक्षण के लिए सख्त कानून लागू किया जाएगा। लेकिन विधानसभा सत्र में अब तक कोई ठोस प्रस्ताव नहीं लाया गया, जो सरकार की मानसिकता पर सवाल खड़ा करता है।
धरने में संत लाल दास शास्त्री, खेजड़ली महंत अशोक दास, मध्य प्रदेश हरदा से आई संत मां आरती, तथा संत गणों ने भी भाग लिया। साथ ही जोधपुर जिला उप प्रमुख विक्रम बिश्नोई, रामनिवास बुध नगर टाइगर फोर्स अध्यक्ष लेखराज लोल, संगठन मंत्री ओमप्रकाश लोल, इंदिरा बिश्नोई सरपंच प्रतिनिधि गोमदराम मेघवाल, बिशनलाल, कालूराम चौधरी एडवोकेट, शारदा बिश्नोई एडवोकेट, राधा बिश्नोई, एनएसयूआई जिला अध्यक्ष मनीष बिश्नोई, पार्षद प्रतिनिधि हकीम खान, मारवाड़ श्यामलाल लोल, पूर्व सरपंच प्रदीप भादू, रोहिताश बिश्नोई, कमांडो फोर्स अध्यक्ष पुखराज खेड़ी, अर्जुन सिंह खेड़ी, श्रवण बंवरला, मोहन पवार, राजू जांगू आदि ने अपने विचार व्यक्त किए।
ज्ञापन सौंपने के दौरान पुलिस और पर्यावरण प्रेमियों के बीच माहौल गर्म हो गया, लेकिन अंततः सभी पर्यावरण प्रेमी जिला कलेक्टर कार्यालय तक पहुंचे और बाहर नारेबाजी की। इसके बाद 11 सदस्यीय प्रतिनिधिमंडल ने अतिरिक्त जिला कलेक्टर जवाहर चौधरी को ज्ञापन सौंपा।
पर्यावरण संरक्षण और अवैध गतिविधियों के खिलाफ यह आंदोलन जोधपुर में पर्यावरण प्रेमियों की बढ़ती जागरूकता और संघर्ष का प्रतीक बन गया है। प्रदर्शनकारियों ने चेतावनी दी कि यदि उचित कार्रवाई नहीं की गई तो आंदोलन और तेज किया जाएगा।











































