हादसे में कुल 7 लोग मलबे में दबे थे, 4 को पहले ही बचाया जा चुका था
जयपुर के सुभाष चौक थाना क्षेत्र में चार मंजिला इमारत ढही
बचाव अभियान में हेलिंग सर्च तकनीक और CSSR उपकरणों का उपयोग
एसडीआरएफ ने पत्नी की जान बचाई
जयपुर, लोक टुडे न्यूज नेटवर्क (आर. एन. सांवरिया)
बरसात के चलते जयपुर के सुभाष चौक थाना क्षेत्र में देर रात लगभग 2:15 बजे एक चार मंजिला जर्जर इमारत अचानक ढह गई। इस दर्दनाक हादसे में एक परिवार पर दुखों का पहाड़ टूट गया।
एसडीआरएफ (State Disaster Response Force) की टीम ने त्वरित कार्रवाई करते हुए मलबे में फंसी 30 वर्षीय सुमित्रा को बचाया और उन्हें अस्पताल पहुंचाया। लेकिन दुर्भाग्यवश उनके पति प्रभात (35) और 5 वर्षीय बेटी पीहू की जान नहीं बचाई जा सकी।
त्वरित बचाव अभियान
एसडीआरएफ कमांडेंट राजेंद्र सिंह सिसोदिया के निर्देश पर एच कंपनी की रेस्क्यू टीम एच-02 तुरंत घटनास्थल पर पहुंची। टीम ने देखा कि पुरानी हवेली पूरी तरह से ढह चुकी थी। शुरुआती जानकारी के अनुसार, मलबे में कुल 7 लोग दबे थे, जिनमें से 4 को स्थानीय प्रशासन और नागरिकों ने पहले ही सुरक्षित बाहर निकाला था।
अत्याधुनिक तकनीक से सर्च ऑपरेशन
एसडीआरएफ जवानों ने सिविल डिफेंस के सहयोग से बचाव अभियान चलाया। टीम ने मलबे में दबे लोगों की पहचान और खोज के लिए हेलिंग सर्च तकनीक और CSSR उपकरणों का इस्तेमाल किया। सावधानीपूर्वक मलबा हटाने के बाद, सुमित्रा को सुरक्षित बाहर निकाला गया।
बचाव दल को मलबे में सुमित्रा के पति प्रभात और बेटी पीहू के शव बरामद हुए। यह परिवार पश्चिम बंगाल के वर्धमान जिले के काशीपुर गाँव का निवासी था।












































