लोक टुडे न्यूज़ नेटवर्क
धौलपुर/जयपुर । राज्य सरकार के दो वर्ष पूर्ण होने के उपलक्ष्य में धौलपुर के पचगांव में आयोजित राज्य स्तरीय महिला सम्मेलन को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने कहा कि आधी आबादी के सशक्तीकरण से ही समग्र विकास का सपना साकार किया जा सकता है। उन्होंने कहा कि सरकार ने अपने कार्यकाल में महिलाओं की सुरक्षा, सम्मान और सशक्तीकरण को सर्वोच्च प्राथमिकता दी है। विकसित राजस्थान–2047 के संकल्प को पूरा करने में महिलाओं की भूमिका निर्णायक होगी।
मुख्यमंत्री ने कहा कि डबल इंजन सरकार नीतियों और योजनाओं के माध्यम से महिला उत्थान के लिए निरंतर निर्णय ले रही है। हमारी संस्कृति में नारी शक्ति का विशेष स्थान रहा है—जहां नारी का सम्मान होता है, वहां समृद्धि आती है।
प्रधानमंत्री मोदी की पहल से नारी शक्ति बनी राष्ट्रीय प्रगति का आधार
मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में महिलाओं को स्वास्थ्य, शिक्षा, आवास, स्वच्छता, वित्तीय समावेशन और नेतृत्व जैसे क्षेत्रों में सशक्त बनाने के लिए प्रभावी कदम उठाए गए हैं। स्वच्छ भारत मिशन के तहत 11 वर्षों में 12 करोड़ से अधिक शौचालय बने, जबकि जल जीवन मिशन से लाखों परिवारों को नल से जल उपलब्ध हुआ। बेटी बचाओ-बेटी पढ़ाओ, उज्ज्वला, सुकन्या समृद्धि, जनधन और लखपति दीदी जैसी योजनाओं से महिलाओं का सामाजिक-आर्थिक सशक्तीकरण हुआ है।
राजस्थान में महिला सशक्तीकरण के ठोस परिणाम
मुख्यमंत्री ने बताया कि प्रदेश में 19.45 लाख महिलाओं को प्रशिक्षण देकर 12 लाख से अधिक लखपति दीदी बनाई गई हैं। लाडो प्रोत्साहन योजना से 4.60 लाख बालिकाएं लाभान्वित हुई हैं। बालिका शिक्षा को बढ़ावा देने के लिए 10.51 लाख साइकिलें और 39,586 स्कूटियां वितरित की गई हैं। प्रधानमंत्री मातृ वंदना योजना की राशि बढ़ाकर 6,500 रुपये की गई है। ‘मा वाउचर’ योजना से 2.26 लाख महिलाएं लाभान्वित हुई हैं। महिला सुरक्षा के लिए 500 कालिका पेट्रोलिंग यूनिट और 65 एंटी-रोमियो स्क्वॉड गठित किए गए हैं, जिससे महिला अत्याचार के मामलों में कमी आई है।
धौलपुर के विकास पर विशेष फोकस
मुख्यमंत्री ने कहा कि धौलपुर में 1.62 लाख महिलाओं को 450 रुपये में रसोई गैस सिलेंडर उपलब्ध कराए गए हैं और 30 हजार से अधिक महिलाएं लखपति दीदी योजना से लाभान्वित हुई हैं। जिले में कॉलेज भवन निर्माण, डेढ़ लाख विद्यार्थियों को नि:शुल्क यूनिफॉर्म, जल जीवन मिशन के तहत लगभग 58 हजार नल कनेक्शन, प्रधानमंत्री आवास योजना-ग्रामीण के अंतर्गत 717 आवास पूर्ण और 5,663 आवास प्रगतिरत हैं। पार्वती नदी पर एनीकट, नहरों का जीर्णोद्धार और मचकुंड धाम का सौंदर्यीकरण सहित अनेक विकास कार्य किए गए हैं।
दो वर्षों में उपलब्धियां
मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार ने दो वर्षों में पिछली सरकार के पांच वर्षों से अधिक कार्य किए हैं। 41 हजार गांवों को ओडीएफ प्लस बनाया गया, लगभग 40 हजार छात्राओं को स्कूटियां दी गईं, 3.37 लाख युवाओं को कौशल प्रशिक्षण मिला और 89 हजार विद्यार्थियों को टैबलेट/लैपटॉप वितरित किए गए। बिजली उत्पादन क्षमता में 6,363 मेगावाट की वृद्धि की गई है।
डीबीटी से राशि हस्तांतरण, आउटबाउंड पोर्टेबिलिटी का शुभारंभ
कार्यक्रम में मुख्यमंत्री ने विभिन्न योजनाओं के तहत डीबीटी के माध्यम से राशि हस्तांतरित की—सामाजिक सुरक्षा पेंशन के 91 लाख लाभार्थियों को 1,100 करोड़ रुपये, पालनहार योजना में 103 करोड़ रुपये, उच्च शिक्षा छात्रवृत्ति में 2.5 करोड़ रुपये और एससी-एसटी पूर्व मैट्रिक छात्रवृत्ति में 15 करोड़ रुपये। 5 हजार लखपति दीदी को 100 करोड़ रुपये की ऋण सहायता के चेक और टैबलेट वितरित किए गए। स्कूली छात्राओं को साइकिल और दिव्यांगजन को स्कूटी भी दी गई।
इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने आयुष्मान आरोग्य योजना के तहत आउटबाउंड पोर्टेबिलिटी का शुभारंभ किया, जिससे राजस्थान देश का पहला राज्य बन गया जहां लाभार्थी दूसरे राज्यों में भी कैशलेस इलाज करा सकेंगे।
अन्य वक्तव्य
उपमुख्यमंत्री दिया कुमारी ने कहा कि महिलाएं अब नीति निर्माता बन चुकी हैं और नारी सशक्तीकरण सरकार का मिशन है। गृह राज्य मंत्री जवाहर सिंह बेढम ने मुख्यमंत्री के नेतृत्व में महिला, किसान, गरीब और युवाओं के लिए किए गए कार्यों की सराहना की।
कार्यक्रम में महिला उत्थान पर आधारित लघु फिल्म प्रदर्शित की गई तथा पंचगौरव, वन विभाग और स्वयं सहायता समूहों की प्रदर्शनी का अवलोकन भी किया गया। इस अवसर पर वरिष्ठ अधिकारी, जनप्रतिनिधि और बड़ी संख्या में महिलाएं उपस्थित रहीं।