लोक टुडे न्यूज़ नेटवर्क
जयपुर नकली नोट मामले और मनुस्मृति टिप्पणी पर गजेंद्र सिंह शेखावत का तीखा हमला
बोले—नकली नोटों के स्रोत और नेटवर्क की गहन जांच हो, कांग्रेस राजस्थान में अपना पक्ष स्पष्ट करे; राहुल गांधी को इतिहास और भारतीय संस्कृति समझने की दी नसीहत
जोधपुर। केंद्रीय मंत्री गजेंद्र सिंह शेखावत ने जोधपुर दौरे के दौरान जयपुर में सामने आए कथित नकली नोट मामले और कांग्रेस नेता राहुल गांधी की मनुस्मृति को लेकर की गई टिप्पणी पर तीखी प्रतिक्रिया दी। उन्होंने कहा कि देश की अर्थव्यवस्था और प्रगति को लेकर सवाल उठाने वालों के बीच से भारत विरोधी गतिविधियों और षड्यंत्रों को अंजाम देने के प्रयास सामने आते रहे हैं। उन्होंने कहा कि सरकार ऐसी गतिविधियों और अपराधों को रोकने के लिए पूरी सजगता के साथ काम कर रही है।
नकली नोट मामले में नेटवर्क तक पहुंचने की मांग
जयपुर में कथित नकली नोटों की बरामदगी को लेकर शेखावत ने पुलिस से मामले की गहन और निष्पक्ष जांच करने की मांग की। उन्होंने कहा कि जांच में यह सामने आना चाहिए कि नकली नोट कहां से आए, कहां तैयार या छापे गए और इनके पीछे कौन लोग तथा कौन सा नेटवर्क काम कर रहा है।
उन्होंने कहा कि केवल नकली नोट बरामद होने तक जांच सीमित नहीं रहनी चाहिए, बल्कि इसके पीछे मौजूद पूरे नेटवर्क का पता लगाना जरूरी है, ताकि भविष्य में ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति को रोका जा सके।
राजनीतिक कनेक्शन की भी जांच की मांग
शेखावत ने कहा कि यदि किसी राजनीतिक दल से जुड़े जिम्मेदार कार्यकर्ता अथवा उसके परिवार से बड़ी मात्रा में नकली नोट बरामद होने की बात सामने आती है तो मामला और गंभीर हो जाता है।
उन्होंने कहा कि चुनावी समय में सामाजिक और राजनीतिक क्षेत्र में सक्रिय लोगों की जिम्मेदारी और बढ़ जाती है। ऐसे मामले में कांग्रेस के राजस्थान के नेताओं को अपना स्पष्ट पक्ष जनता के सामने रखना चाहिए।
हालांकि, उन्होंने जिन आरोपों का उल्लेख किया, उनकी अंतिम पुष्टि जांच एजेंसियों की जांच के बाद ही हो सकेगी।
राहुल गांधी की मनुस्मृति टिप्पणी पर निशाना
केंद्रीय मंत्री ने राहुल गांधी की मनुस्मृति को लेकर की गई टिप्पणी पर भी सवाल उठाए। उन्होंने कहा कि भारत की सभ्यता और सांस्कृतिक चेतना हजारों वर्षों पुरानी है और ऐतिहासिक एवं सांस्कृतिक विषयों पर टिप्पणी करते समय उनके संदर्भ और परिस्थितियों को समझना जरूरी है।
शेखावत ने आरोप लगाया कि पिछले करीब दो सौ वर्षों के दौरान भारत की सभ्यता और सांस्कृतिक मान-बिंदुओं के प्रति लोगों की आस्था को प्रभावित करने के प्रयास किए गए। उन्होंने कहा कि आजादी के बाद देश के इतिहास और सांस्कृतिक दृष्टिकोण से जुड़ी गलतियों को सुधारने का अवसर था, लेकिन उनके अनुसार ऐसा पर्याप्त रूप से नहीं किया गया।
भारतीय संस्कृति में नारी शक्ति के सम्मान का दिया उदाहरण
राहुल गांधी की मनुस्मृति संबंधी टिप्पणी पर प्रतिक्रिया देते हुए शेखावत ने भारतीय परंपरा में नारी शक्ति के सम्मान का उल्लेख किया।
उन्होंने कहा कि भारतीय संस्कृति में दुर्गा को शक्ति, सरस्वती को ज्ञान और लक्ष्मी को समृद्धि की देवी के रूप में प्रतिष्ठित किया गया है। उनके मुताबिक भारतीय सभ्यता में मातृशक्ति को दिए गए सम्मान की अपनी ऐतिहासिक और सांस्कृतिक पृष्ठभूमि है।
शेखावत ने कहा कि किसी एक ऐतिहासिक संदर्भ के आधार पर संपूर्ण भारतीय सभ्यता और संस्कृति का मूल्यांकन करना उचित नहीं है। उन्होंने राहुल गांधी से अपील की कि ऐसे विषयों पर टिप्पणी करने से पहले भारतीय इतिहास, साहित्य, संस्कृति और सभ्यता के विभिन्न संदर्भों को समझना चाहिए।
सियासी बयानबाजी के बीच दो मुद्दों पर बढ़ी तल्खी
जयपुर के कथित नकली नोट मामले और मनुस्मृति पर राहुल गांधी की टिप्पणी को लेकर शेखावत के बयान ने राजस्थान की राजनीति में एक बार फिर सियासी बहस को तेज कर दिया है।
एक तरफ नकली नोट मामले में पुलिस जांच और कथित नेटवर्क को सामने लाने की मांग उठ रही है, तो दूसरी तरफ मनुस्मृति और भारतीय संस्कृति को लेकर भाजपा और कांग्रेस के बीच वैचारिक बहस तेज होती दिखाई दे रही है।
अब निगाहें इस बात पर रहेंगी कि जयपुर नकली नोट मामले की जांच में पुलिस को क्या सुराग मिलते हैं और कांग्रेस इन आरोपों पर क्या आधिकारिक प्रतिक्रिया देती है।
