लोक टुडे न्यूज़ नेटवर्क
अजमेर (संवाददाता: नितिन मेहरा)।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के जन्मदिन पर अजमेर को लेपर्ड सफारी की सौगात मिली। विधानसभा अध्यक्ष वासुदेव देवनानी ने काजीपुरा गांव में सफारी से जुड़े विभिन्न निर्माण कार्यों का शिलान्यास किया। पहले चरण में इस परियोजना पर 5.5 करोड़ रुपये खर्च होंगे।
देवनानी ने बताया कि गंगा-भैरव घाटी को झालना, रणथम्भौर, सरिस्का, रावली-टॉडगढ़ और जवांई बांध की तर्ज पर विकसित किया जाएगा। सफारी में ट्रैक और रूट बनाए जाएंगे, टिकट खिड़की, रेस्ट प्वाइंट्स, सेल्फी प्वाइंट्स और अन्य सुविधाएं जोड़ी जाएंगी।
20 करोड़ की लागत से बनेगी परियोजना
पूरी लेपर्ड सफारी परियोजना पर लगभग 20 करोड़ रुपये खर्च होंगे। शुरुआती चरण में 5.5 करोड़ से काम शुरू किया गया है। सफारी से अजमेर में इको-टूरिज्म को बढ़ावा मिलेगा और स्थानीय लोगों को रोजगार के अवसर मिलेंगे।
सैलानी यहां तेंदुओं के साथ-साथ गंगा-भैरव घाटी की प्राकृतिक सुंदरता, ऐतिहासिक स्थलों और ट्रेकिंग का आनंद ले सकेंगे। चामुंडा माता व भैरव मंदिर आने वाले श्रद्धालुओं को भी नई सुविधाओं का लाभ मिलेगा।
देवनानी ने कहा कि अजमेर में फिलहाल कोई बड़ा पर्यावरणीय पर्यटन स्थल नहीं है। लेपर्ड सफारी के साथ शहर को नई पहचान मिलेगी। उन्होंने बताया कि साइंस पार्क, वरुणसागर का सौंदर्यीकरण, अजमेर एंट्रेंस प्लाजा, स्पोर्ट्स कॉलेज और सैनिक स्कूल जैसी कई परियोजनाएं भी तेजी से आगे बढ़ रही हैं।
कार्यक्रम में वन विभाग के अधिकारी, जनप्रतिनिधि व बड़ी संख्या में ग्रामीण मौजूद रहे।